'हम थलापति विजय की TVK को समर्थन देंगे, ये DMK को पहले ही बताया था', INDIA ब्लॉक में घमासान के बीच चिदंबरम का दावा

INDIA ब्लॉक की मीटिंग से पहले घमासान के बीच कांग्रेस के सीनियर नेता और पूर्व गृहमंत्री पी चिदंबरम ने कहा है कि उनकी पार्टी ने तमिलनाडु में थलापति विजय की पार्टी टीवीके को समर्थन देने से पहले डीएमके को इसकी जानकारी दे दी थी. तमिलनाडु में 23 अप्रैल को हुए विधानसभा चुनाव में डीएमके के साथ गठबंधन कर चुनाव लड़ने वाली कांग्रेस, सरकार गठन के लिए टीवीके को समर्थन देने वाली पहली पार्टी थी.  कांग्रेस ने टीवीके को अपने पांच विधायकों का समर्थन दिया, जिससे उसके लिए सरकार बनाना संभव हो सका. चिदंबरम ने शनिवार को एक न्यूज चैनल से कहा, 'यदि टीवीके सदन में बहुमत हासिल करने में विफल रहती, तो ऐसी स्थिति में हम एक और चुनाव टालना चाहते थे. गठबंधन सहयोगियों की भी यही व्यापक भावना थी. जनता भी दोबारा चुनाव नहीं चाहती थी.' चिदंबरम बोले- हमने गठबंधन के सहयोगियों को दी थी जानकारी उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस ने टीवीके सरकार को समर्थन देने के अपने फैसले की जानकारी सीपीआई, वीसीके और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) सहित अन्य सहयोगी दलों को भी दी थी. चिदंबरम ने कहा, 'फर्क सिर्फ इतना है कि हमने टीवीके को समर्थन देने की घोषणा अपने सहयोगियों से एक दिन पहले कर दी थी.' ये भी पढ़ें- 'हर सिलेंडर पर करीब 700 रुपये का नुकसान', घरेलू गैस के दाम बढ़ने पर सरकार का आया बयान, PAK-अमेरिका से की तुलना DMK ने कांग्रेस के इस कदम को बताया विश्वासघात गठबंधन की चुनावी हार के तुरंत बाद उदयनिधि स्टालिन के नेतृत्व वाली डीएमके की यूथ विंग ने एक बैठक आयोजित कर प्रस्ताव पारित किया, जिसमें कांग्रेस पर द्रमुक के साथ 'विश्वासघात' करने का आरोप लगाया गया. डीएमके के सीनियर नेता टी आर बालू ने भी आरोप लगाया कि कांग्रेस ने गठबंधन को वोट देने वाले लोगों के साथ धोखा किया है.  विजय की टीवीके को मिली थीं 108 सीटें  साल 2026 के विधानसभा चुनाव में अभिनेता-नेता विजय के नेतृत्व वाली टीवीके 108 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी, लेकिन वह साधारण बहुमत के लिए आवश्यक 118 सीटों के आंकड़े से पीछे रह गई. सरकार बनाने के लिए उसे कम से कम 10 और विधायकों के समर्थन की जरूरत थी. राज्य में पांच सीटें जीतने वाली कांग्रेस विपक्षी दलों में से सबसे पहले टीवीके के समर्थन में आई. इसके बाद वीसीके, भाकपा और माकपा ने भी समर्थन दिया, जिनके पास दो-दो विधायक थे. इन दलों के समर्थन से टीवीके बहुमत का आंकड़ा पार करने में सफल रही और सरकार बनाने का दावा पेश कर सकी. ये भी पढ़ें- इतिहासकार रामचंद्र गुहा ने राहुल गांधी की योग्यता पर उठाया था सवाल, PM मोदी का जिक्र कर शशि थरूर ने दिया जवाब

Jun 7, 2026 - 15:30
 0
'हम थलापति विजय की TVK को समर्थन देंगे, ये DMK को पहले ही बताया था', INDIA ब्लॉक में घमासान के बीच चिदंबरम का दावा

INDIA ब्लॉक की मीटिंग से पहले घमासान के बीच कांग्रेस के सीनियर नेता और पूर्व गृहमंत्री पी चिदंबरम ने कहा है कि उनकी पार्टी ने तमिलनाडु में थलापति विजय की पार्टी टीवीके को समर्थन देने से पहले डीएमके को इसकी जानकारी दे दी थी. तमिलनाडु में 23 अप्रैल को हुए विधानसभा चुनाव में डीएमके के साथ गठबंधन कर चुनाव लड़ने वाली कांग्रेस, सरकार गठन के लिए टीवीके को समर्थन देने वाली पहली पार्टी थी. 

कांग्रेस ने टीवीके को अपने पांच विधायकों का समर्थन दिया, जिससे उसके लिए सरकार बनाना संभव हो सका. चिदंबरम ने शनिवार को एक न्यूज चैनल से कहा, 'यदि टीवीके सदन में बहुमत हासिल करने में विफल रहती, तो ऐसी स्थिति में हम एक और चुनाव टालना चाहते थे. गठबंधन सहयोगियों की भी यही व्यापक भावना थी. जनता भी दोबारा चुनाव नहीं चाहती थी.'

चिदंबरम बोले- हमने गठबंधन के सहयोगियों को दी थी जानकारी

उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस ने टीवीके सरकार को समर्थन देने के अपने फैसले की जानकारी सीपीआई, वीसीके और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) सहित अन्य सहयोगी दलों को भी दी थी. चिदंबरम ने कहा, 'फर्क सिर्फ इतना है कि हमने टीवीके को समर्थन देने की घोषणा अपने सहयोगियों से एक दिन पहले कर दी थी.'

ये भी पढ़ें- 'हर सिलेंडर पर करीब 700 रुपये का नुकसान', घरेलू गैस के दाम बढ़ने पर सरकार का आया बयान, PAK-अमेरिका से की तुलना

DMK ने कांग्रेस के इस कदम को बताया विश्वासघात

गठबंधन की चुनावी हार के तुरंत बाद उदयनिधि स्टालिन के नेतृत्व वाली डीएमके की यूथ विंग ने एक बैठक आयोजित कर प्रस्ताव पारित किया, जिसमें कांग्रेस पर द्रमुक के साथ 'विश्वासघात' करने का आरोप लगाया गया. डीएमके के सीनियर नेता टी आर बालू ने भी आरोप लगाया कि कांग्रेस ने गठबंधन को वोट देने वाले लोगों के साथ धोखा किया है. 

विजय की टीवीके को मिली थीं 108 सीटें 

साल 2026 के विधानसभा चुनाव में अभिनेता-नेता विजय के नेतृत्व वाली टीवीके 108 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी, लेकिन वह साधारण बहुमत के लिए आवश्यक 118 सीटों के आंकड़े से पीछे रह गई. सरकार बनाने के लिए उसे कम से कम 10 और विधायकों के समर्थन की जरूरत थी. राज्य में पांच सीटें जीतने वाली कांग्रेस विपक्षी दलों में से सबसे पहले टीवीके के समर्थन में आई. इसके बाद वीसीके, भाकपा और माकपा ने भी समर्थन दिया, जिनके पास दो-दो विधायक थे. इन दलों के समर्थन से टीवीके बहुमत का आंकड़ा पार करने में सफल रही और सरकार बनाने का दावा पेश कर सकी.

ये भी पढ़ें- इतिहासकार रामचंद्र गुहा ने राहुल गांधी की योग्यता पर उठाया था सवाल, PM मोदी का जिक्र कर शशि थरूर ने दिया जवाब

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow