दिल्ली के सरकारी स्कूलों में अब मिड-डे मील में मिलेगा इडली-सांभर, लागू हुआ नया मेन्यू

Delhi School Mid day Meal: दिल्ली के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों के मिड-डे-मील के मेन्यू में बदलाव किया गया है. अब बच्चों को सप्ताह में एक दिन इडली-सांभर भी परोसा जाएगा. शिक्षा निदेशालय ने पीएम पोषण योजना के तहत मिलने वाले भोजन का नया मेन्यू जारी कर दिया है. इसके साथ ही कुछ पुराने डिशेस को भी बदल गया है. नए मेन्यू को दिल्ली के उन सभी सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में लागू किया जाएगा जो पीएम पोषण योजना के दायरे में आते हैं.  6 दिन का होगा नया मिड-डे-मील मेनू  शिक्षा निदेशालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार पीएम पोषण के तहत अब छात्रों को 6 दिन के चक्र में अलग-अलग भोजन दिया जाएगा. नए मेनू में पूरी-चना, चावल- दाल और कढ़ी के साथ इडली सांभर भी शामिल किया जाएगा. शिक्षा निदेशालय ने स्कूलों और भोजन उपलब्ध कराने वाली एजेंसी को नए मेन्यू के अनुसार जरूरी तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए हैं. इडली-सांभर शुरू करने के लिए 24 अगस्त तक का समय दिया गया है, जबकि बाकी बदलाव तत्काल प्रभाव से लागू किए जाने हैं.  नया 6 दिवसीय मेन्यू इस तरह होगा  पहला दिन- पूरी, काले चने की ग्रेवी और मैश की हुई सब्जियां  दूसरा दिन- इडली और सांभर  तीसरा दिन- चावल, छोले और मैश की हुई सब्जियां  चौथा दिन- पूरी, छोले और मैश की हुई सब्जियां  पांचवा दिन- चावल और दाल  छठा दिन- चावल और कढ़ी  इसके अलावा पुराने मेन्यू में शामिल रागी हलवे की जगह गेहूं का आटा और चना मसाला तथा वेजिटेबल दलिया की जगह ज्वार और बाजार को शामिल करने की सिफारिश की गई है.  ये भी पढ़ें-दिल्ली के सरकारी स्कूलों में यूपीएससी ने निकाली भर्ती, 828 खाली पदों को भरा जाएगा इडली सांभर के लिए दो हफ्ते का समय  शिक्षा निदेशालय ने नए मेन्यू के पहले दिन और तीसरे से छठे दिन तक के खाने को तुरंत लागू करने की निर्देश दिए हैं. वहीं इडली सांभर शुरू करने के लिए स्कूलों और संबंधित एजेंसियों को अधिकतम दो सप्ताह का समय दिया गया है. विभाग के अनुसार इडली सांभर तैयार करने के लिए विशेष उपकरण, अलग तरह की सामग्री, जरूरी बुनियादी ढांचा और प्रशिक्षित कर्मचारियों की जरूरत होगी. इसी वजह से इसे शुरू करने के लिए अलग से समय दिया गया है. इम्पैनल्ड एनजीओ और सेंट्रलाइज्ड किचन एजेंसी को निर्देश दिया गया है कि 24 अगस्त तक स्कूलों में इडली-सांभर परोसा जानना शुरू हो जाए. इसके बाद आमतौर पर कोई भी अतिरिक्त समय नहीं दिया जाएगा.  हर स्कूल में एक ही खाना देना जरूरी नहीं  शिक्षा निदेशालय ने यह स्पष्ट किया है कि किसी एनजीओ सेंट्रलाइज्ड किचन एजेंसी के लिए एक ही दिन सभी स्कूलों में एक जैसा भोजन देना जरूरी नहीं होगा. सामग्री की उपलब्धता, लॉजिस्टिक समस्याओं और दूसरी जरूरत की आधार पर अलग-अलग स्कूलों में स्वीकृत मेन्यू के अलग-अलग व्यंजन दिए जा सकते हैं. हालांकि हर स्कूल को 6 दिनों के पूरे संशोधित मेन्यू का पालन करना होगा. यानी किसी स्कूल में किसी दिन मेन्यू में शामिल एक डिश उपलब्ध कराया जा सकता है, लेकिन 6 दिन के पूरे भोजन चक्र में तय सभी ऑप्शन को शामिल करना जरूरी रहेगा. ये भी पढ़ें-आखिरी दिन तक नहीं कर पाए रजिस्ट्रेशन तो क्या ऑप्शन, कैसे करें मेडिकल की पढ़ाई?

Aug 13, 2026 - 00:30
 0
दिल्ली के सरकारी स्कूलों में अब मिड-डे मील में मिलेगा इडली-सांभर, लागू हुआ नया मेन्यू

Delhi School Mid day Meal: दिल्ली के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों के मिड-डे-मील के मेन्यू में बदलाव किया गया है. अब बच्चों को सप्ताह में एक दिन इडली-सांभर भी परोसा जाएगा. शिक्षा निदेशालय ने पीएम पोषण योजना के तहत मिलने वाले भोजन का नया मेन्यू जारी कर दिया है. इसके साथ ही कुछ पुराने डिशेस को भी बदल गया है. नए मेन्यू को दिल्ली के उन सभी सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में लागू किया जाएगा जो पीएम पोषण योजना के दायरे में आते हैं. 

6 दिन का होगा नया मिड-डे-मील मेनू 

शिक्षा निदेशालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार पीएम पोषण के तहत अब छात्रों को 6 दिन के चक्र में अलग-अलग भोजन दिया जाएगा. नए मेनू में पूरी-चना, चावल- दाल और कढ़ी के साथ इडली सांभर भी शामिल किया जाएगा. शिक्षा निदेशालय ने स्कूलों और भोजन उपलब्ध कराने वाली एजेंसी को नए मेन्यू के अनुसार जरूरी तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए हैं. इडली-सांभर शुरू करने के लिए 24 अगस्त तक का समय दिया गया है, जबकि बाकी बदलाव तत्काल प्रभाव से लागू किए जाने हैं. 

नया 6 दिवसीय मेन्यू इस तरह होगा 

  • पहला दिन- पूरी, काले चने की ग्रेवी और मैश की हुई सब्जियां 
  • दूसरा दिन- इडली और सांभर 
  • तीसरा दिन- चावल, छोले और मैश की हुई सब्जियां 
  • चौथा दिन- पूरी, छोले और मैश की हुई सब्जियां 
  • पांचवा दिन- चावल और दाल 
  • छठा दिन- चावल और कढ़ी 
  • इसके अलावा पुराने मेन्यू में शामिल रागी हलवे की जगह गेहूं का आटा और चना मसाला तथा वेजिटेबल दलिया की जगह ज्वार और बाजार को शामिल करने की सिफारिश की गई है. 

ये भी पढ़ें-दिल्ली के सरकारी स्कूलों में यूपीएससी ने निकाली भर्ती, 828 खाली पदों को भरा जाएगा

इडली सांभर के लिए दो हफ्ते का समय 

शिक्षा निदेशालय ने नए मेन्यू के पहले दिन और तीसरे से छठे दिन तक के खाने को तुरंत लागू करने की निर्देश दिए हैं. वहीं इडली सांभर शुरू करने के लिए स्कूलों और संबंधित एजेंसियों को अधिकतम दो सप्ताह का समय दिया गया है. विभाग के अनुसार इडली सांभर तैयार करने के लिए विशेष उपकरण, अलग तरह की सामग्री, जरूरी बुनियादी ढांचा और प्रशिक्षित कर्मचारियों की जरूरत होगी. इसी वजह से इसे शुरू करने के लिए अलग से समय दिया गया है. इम्पैनल्ड एनजीओ और सेंट्रलाइज्ड किचन एजेंसी को निर्देश दिया गया है कि 24 अगस्त तक स्कूलों में इडली-सांभर परोसा जानना शुरू हो जाए. इसके बाद आमतौर पर कोई भी अतिरिक्त समय नहीं दिया जाएगा. 

हर स्कूल में एक ही खाना देना जरूरी नहीं 

शिक्षा निदेशालय ने यह स्पष्ट किया है कि किसी एनजीओ सेंट्रलाइज्ड किचन एजेंसी के लिए एक ही दिन सभी स्कूलों में एक जैसा भोजन देना जरूरी नहीं होगा. सामग्री की उपलब्धता, लॉजिस्टिक समस्याओं और दूसरी जरूरत की आधार पर अलग-अलग स्कूलों में स्वीकृत मेन्यू के अलग-अलग व्यंजन दिए जा सकते हैं. हालांकि हर स्कूल को 6 दिनों के पूरे संशोधित मेन्यू का पालन करना होगा. यानी किसी स्कूल में किसी दिन मेन्यू में शामिल एक डिश उपलब्ध कराया जा सकता है, लेकिन 6 दिन के पूरे भोजन चक्र में तय सभी ऑप्शन को शामिल करना जरूरी रहेगा.

ये भी पढ़ें-आखिरी दिन तक नहीं कर पाए रजिस्ट्रेशन तो क्या ऑप्शन, कैसे करें मेडिकल की पढ़ाई?

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow