टी-20 विश्वकप जीतते ही कोच गौतम गंभीर किसपर भड़के, कहा- 'मेरी जवाबदेही नहीं, मैं बस...' इन दो खिलाड़ियों का किया जिक्र
भारत के मुख्य कोच गौतम गंभीर ने रविवार को कहा कि वह ड्रेसिंग रूम में मौजूद लोगों के प्रति ही जवाबदेह हैं और उन्होंने टी20 विश्व कप में भारत की खिताबी जीत वीवीएस लक्ष्मण और राहुल द्रविड़ को समर्पित की. भारत ने न्यूजीलैंड को 96 रन से हराकर टी20 विश्व कप जीता. भारतीय टीम तीन बार टी20 विश्व कप (2007, 2024 और 2026) जीतने वाली पहली टीम बन गई. गंभीर ने मैच के बाद प्रेस कांफ्रेंस में कहा ,‘‘ मेरी जवाबदेही सोशल मीडिया पर लोगों के लिये नहीं है. मेरी जवाबदेही उन 30 लोगों के लिये है जो चेंज रूम में हैं.’’ उन्होंने कहा ,‘‘ कोच टीम से बनता है . खिलाड़ियों ने मुझे वह कोच बनाया, जो मैं हूं.’’ उन्होंने आगे कहा ,‘‘ मैं यह ट्रॉफी राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण को समर्पित करता हूं. राहुल भाई को भारतीय टीम को इस मुकाम तक लाने के लिये और लक्ष्मण को सीओई में खिलाड़ियों की पाइपलाइन बनाने के लिये.’’ गंभीर ने मुख्य चयनकर्ता अजित अगरकर और बीसीसीआई के पूर्व सचिव और आईसीसी के मौजूदा अध्यक्ष जय शाह को भी धन्यवाद दिया. उन्होंने कहा ,‘‘ अजित अगरकर ने काफी आलोचना झेली और पूरी ईमानदारी से काम किया. जय भाई ने मेरे कार्यकाल के सबसे खराब दौर में मुझे फोन किया.’’ गंभीर ने कप्तान सूर्यकुमार यादव की तारीफ करते हुए कहा ,‘‘ सूर्या ने मेरा काम आसान कर दिया. वह पितातुल्य कप्तान की तरह है. बड़ा लक्ष्य ट्रॉफी जीतना है, उपलब्धियां नहीं. हमने कई साल तक उपलब्धियों का जश्न मनाया. मैं आप लोगों से आग्रह करूंगा कि निजी उपलब्धियों का जश्न मनाना छोड़ें.’’ सूर्यकुमार ने कहा ,‘‘ मैने गौतम गंभीर की कप्तानी में चार साल खेला (केकेआर के लिये). हमारे बीच कभी बहस नहीं हुई क्योंकि साझा लक्ष्य टीम को जिताना था. हमारी दोस्ती ऐसे ही हुई. वह दो कदम चले और मैं दो कदम.’’ उन्होंने कहा ,‘‘ मैं यह नहीं कहूंगा कि सफेद गेंद का यह भारत का दौर है. ऐसा होता तो हम पिछली तीन में से दो वनडे श्रृंखला नहीं हारते. मैने भरोसे पर टीम चुनी , उम्मीद पर नहीं.’’
भारत के मुख्य कोच गौतम गंभीर ने रविवार को कहा कि वह ड्रेसिंग रूम में मौजूद लोगों के प्रति ही जवाबदेह हैं और उन्होंने टी20 विश्व कप में भारत की खिताबी जीत वीवीएस लक्ष्मण और राहुल द्रविड़ को समर्पित की.
भारत ने न्यूजीलैंड को 96 रन से हराकर टी20 विश्व कप जीता. भारतीय टीम तीन बार टी20 विश्व कप (2007, 2024 और 2026) जीतने वाली पहली टीम बन गई.
गंभीर ने मैच के बाद प्रेस कांफ्रेंस में कहा ,‘‘ मेरी जवाबदेही सोशल मीडिया पर लोगों के लिये नहीं है. मेरी जवाबदेही उन 30 लोगों के लिये है जो चेंज रूम में हैं.’’ उन्होंने कहा ,‘‘ कोच टीम से बनता है . खिलाड़ियों ने मुझे वह कोच बनाया, जो मैं हूं.’’
उन्होंने आगे कहा ,‘‘ मैं यह ट्रॉफी राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण को समर्पित करता हूं. राहुल भाई को भारतीय टीम को इस मुकाम तक लाने के लिये और लक्ष्मण को सीओई में खिलाड़ियों की पाइपलाइन बनाने के लिये.’’
गंभीर ने मुख्य चयनकर्ता अजित अगरकर और बीसीसीआई के पूर्व सचिव और आईसीसी के मौजूदा अध्यक्ष जय शाह को भी धन्यवाद दिया. उन्होंने कहा ,‘‘ अजित अगरकर ने काफी आलोचना झेली और पूरी ईमानदारी से काम किया. जय भाई ने मेरे कार्यकाल के सबसे खराब दौर में मुझे फोन किया.’’
गंभीर ने कप्तान सूर्यकुमार यादव की तारीफ करते हुए कहा ,‘‘ सूर्या ने मेरा काम आसान कर दिया. वह पितातुल्य कप्तान की तरह है. बड़ा लक्ष्य ट्रॉफी जीतना है, उपलब्धियां नहीं. हमने कई साल तक उपलब्धियों का जश्न मनाया. मैं आप लोगों से आग्रह करूंगा कि निजी उपलब्धियों का जश्न मनाना छोड़ें.’’
सूर्यकुमार ने कहा ,‘‘ मैने गौतम गंभीर की कप्तानी में चार साल खेला (केकेआर के लिये). हमारे बीच कभी बहस नहीं हुई क्योंकि साझा लक्ष्य टीम को जिताना था. हमारी दोस्ती ऐसे ही हुई. वह दो कदम चले और मैं दो कदम.’’
उन्होंने कहा ,‘‘ मैं यह नहीं कहूंगा कि सफेद गेंद का यह भारत का दौर है. ऐसा होता तो हम पिछली तीन में से दो वनडे श्रृंखला नहीं हारते. मैने भरोसे पर टीम चुनी , उम्मीद पर नहीं.’’
What's Your Reaction?