June 2026 Grah Gochar: जून में 5 बड़े ग्रहों की बदलेगी चाल, गजलक्ष्मी सहित बनेंगे 3 राजयोग; जानें देश और दुनिया पर असर
June 2026 Astrology Predictions: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जून 2026 का महीना ग्रह और नक्षत्रों के दृष्टिकोण से बेहद खास होने वाला है. इस महीने में सूर्य, बुध, मंगल, गुरु और शुक्र जैसे 5 बड़े ग्रह राशि परिवर्तन करने जा रहे हैं. ग्रहों की चाल में यह बदलाव कई शुभ और अशुभ योगों का निर्माण करेगा. पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान (जयपुर-जोधपुर) के निदेशक और विख्यात ज्योतिषाचार्य डा. अनीष व्यास के अनुसार, जून में प्रमुख ग्रहों के गोचर से गजलक्ष्मी योग, हंस राजयोग और रूचक राजयोग जैसे महासंयोग बनने जा रहे हैं. आइए जानते हैं ग्रहों के इस गोचर का समय और देश-दुनिया सहित सभी राशियों पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा. जून 2026 में ग्रहों के गोचर की समय-सारणी (Transit Calendar) वैदिक ज्योतिष की गणना के अनुसार, जून के महीने में ग्रहों का राशि परिवर्तन निम्नलिखित तारीखों पर होगा: तारीख (Date) ग्रह (Planet) वर्तमान राशि गोचर की राशि (Transit To) विशेष योग / स्थिति 02 जून 2026 देवगुरु बृहस्पति मिथुन कर्क (उच्च राशि) पुष्य नक्षत्र में प्रवेश, हंस राजयोग 08 जून 2026 शुक्र ग्रह मिथुन कर्क गुरु के साथ युति, गजलक्ष्मी राजयोग 15 जून 2026 सूर्य देव वृषभ मिथुन मित्र राशि में गोचर (16 जुलाई तक) 21 जून 2026 मंगल देव मेष वृषभ ऊर्जा और आर्थिक स्थिति में बदलाव 22 जून 2026 बुध ग्रह मिथुन कर्क बुद्धि, तर्क और व्यापार पर असर 5 बड़े ग्रहों के गोचर का विस्तृत विश्लेषण गुरु का कर्क राशि में प्रवेश (2 जून): ज्योतिष में बृहस्पति को धन, ज्ञान, संतान और सुख-समृद्धि का कारक माना जाता है. 2 जून को गुरु अपनी उच्च राशि कर्क में प्रवेश करेंगे, जहाँ उनकी स्थिति अत्यंत मजबूत होगी. इसके साथ ही गुरु पुष्य नक्षत्र में भी प्रवेश करेंगे, जिसे शास्त्रों में बेहद शुभ माना गया है. शुक्र का गोचर और गजलक्ष्मी राजयोग (8 जून): भौतिक सुखों के कारक शुक्र देव 8 जून को कर्क राशि में आकर पहले से मौजूद गुरु के साथ युति करेंगे. कर्क राशि में करीब 12 साल बाद गजलक्ष्मी राजयोग का निर्माण होने जा रहा है, जो आर्थिक समृद्धि के द्वार खोलेगा. सूर्य का मिथुन राशि में प्रवेश (15 जून): ग्रहों के राजा सूर्य देव अपने मित्र ग्रह की राशि मिथुन में गोचर करेंगे. कुंडली में सूर्य की मजबूत स्थिति मान-सम्मान, सरकारी नौकरी, उच्च पद और अच्छे स्वास्थ्य का कारक बनती है. मंगल का वृषभ राशि में गोचर (21 जून): ग्रहों के सेनापति मंगल मेष राशि से निकलकर वृषभ राशि में प्रवेश करेंगे. साहस, क्रोध और अग्नि तत्व के कारक मंगल का यह गोचर कुछ राशियों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण तो कुछ के लिए आर्थिक लाभ लेकर आ सकता है. बुध का कर्क राशि में गोचर (22 जून): बुद्धि और वाणी के कारक बुध ग्रह कर्क राशि में प्रवेश करेंगे. जिन जातकों की कुंडली में बुध मजबूत स्थिति में हैं, उनके लिए व्यापार और करियर के लिहाज से यह गोचर अनुकूल रहेगा. देश, दुनिया और राजनीति पर प्रभाव ज्योतिषाचार्य डा. अनीष व्यास के आकलन के अनुसार, जून में ग्रहों के इस महासंयोग का वैश्विक और राष्ट्रीय स्तर पर गहरा असर देखने को मिल सकता है: राजनीतिक उठापटक: केंद्र सरकार के मंत्रिमंडल में कई चौंकाने वाले नाम सामने आ सकते हैं. जून और जुलाई का समय राजनीतिक दृष्टिकोण से थोड़ा कठिन रहेगा. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत और देश के नेतृत्व की प्रशंसा होगी, हालांकि स्वास्थ्य संबंधी कारणों से प्रधानमंत्री के दौरों में मामूली बदलाव हो सकता है. विदेशों में भी सत्ता परिवर्तन के योग बनेंगे. अर्थव्यवस्था और बाजार: रियल स्टेट और होटल-रेस्टोरेंट के कारोबार में बड़ी वृद्धि होगी. शेयर बाजार में तेजी आएगी और अंतरराष्ट्रीय व्यापार बढ़ेगा, जिससे अर्थव्यवस्था मजबूत होगी. हालांकि, कुछ बड़े व्यापारियों या उद्योगपतियों से जुड़े बड़े विवाद या मामले सामने आ सकते हैं. बाजार में अचानक किसी वस्तु के दाम बढ़ सकते हैं. मौसम और प्राकृतिक आपदाएं: जून के महीने में मुंबई में भारी बारिश की संभावना अधिक रहेगी. इसके अलावा, देश-दुनिया में अचानक मौसमी बदलाव, भूकंप, गैस दुर्घटना, विमान दुर्घटना या अग्निकांड जैसी प्राकृतिक और कृत्रिम आपदाओं की आशंका है. कानून और मनोरंजन जगत: देश की कानून व्यवस्था और सेना की ताकत में इजाफा होगा. खेल, फिल्म, गायन और मनोरंजन जगत से जुड़ी किसी बड़ी हस्ती को लेकर दुखद समाचार मिलने की संभावना है. सभी 12 राशियों पर कैसा रहेगा असर? ग्रहों के इस राशि परिवर्तन का सभी राशियों पर सकारात्मक, नकारात्मक और मिलाजुला प्रभाव पड़ेगा: शुभ प्रभाव (Bhagyashali Rashiyan): मिथुन, वृश्चिक, मकर और मीन. प्रभाव: इन राशियों को कार्यस्थल पर सराहना, पदोन्नति (प्रमोशन), व्यापार में मुनाफा और समाज में मान-सम्मान मिलेगा. अशुभ प्रभाव (Alert Rashiyan): वृष, सिंह, तुला और कुंभ. प्रभाव: धन के लेन-देन, निवेश और स्वास्थ्य के मामलों में विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है. मिलाजुला प्रभाव: मेष, कर्क, कन्या और धनु. ग्रहों के अशुभ प्रभाव से बचने के ज्योतिषीय उपाय यदि आपकी राशि पर ग्रहों का प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है, तो ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार निम्नलिखित उपाय किए जा सकते हैं: हनुमान जी की पूजा: नियमित रूप से हनुमान चालीसा या बजरंग बाण का पाठ करें. महामृत्युंजय मंत्र: कष्टों से मुक्ति के लिए भगवान शिव के महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें. दुर्गा सप्तशती का पाठ: माता दुर्गा की आराधना करें और दुर्गा सप्तशती के श्लोकों का पाठ करें. दान-पुण्य: अपनी सामर्थ्य के अनुसार जरूरतमंदों को अनाज, तिल, वस्त्र या धन का दान करें. Kal Ka Rashifal 31 May 2026: Full Moon Impact से बदलेगा कई राशियों का मूड, Career और Money से जुड़े मामलों में इन लोगों को रहना होगा सावधान Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर
June 2026 Astrology Predictions: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जून 2026 का महीना ग्रह और नक्षत्रों के दृष्टिकोण से बेहद खास होने वाला है. इस महीने में सूर्य, बुध, मंगल, गुरु और शुक्र जैसे 5 बड़े ग्रह राशि परिवर्तन करने जा रहे हैं. ग्रहों की चाल में यह बदलाव कई शुभ और अशुभ योगों का निर्माण करेगा.
पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान (जयपुर-जोधपुर) के निदेशक और विख्यात ज्योतिषाचार्य डा. अनीष व्यास के अनुसार, जून में प्रमुख ग्रहों के गोचर से गजलक्ष्मी योग, हंस राजयोग और रूचक राजयोग जैसे महासंयोग बनने जा रहे हैं. आइए जानते हैं ग्रहों के इस गोचर का समय और देश-दुनिया सहित सभी राशियों पर इसका क्या प्रभाव पड़ेगा.
जून 2026 में ग्रहों के गोचर की समय-सारणी (Transit Calendar)
वैदिक ज्योतिष की गणना के अनुसार, जून के महीने में ग्रहों का राशि परिवर्तन निम्नलिखित तारीखों पर होगा:
| तारीख (Date) | ग्रह (Planet) | वर्तमान राशि | गोचर की राशि (Transit To) | विशेष योग / स्थिति |
| 02 जून 2026 | देवगुरु बृहस्पति | मिथुन | कर्क (उच्च राशि) | पुष्य नक्षत्र में प्रवेश, हंस राजयोग |
| 08 जून 2026 | शुक्र ग्रह | मिथुन | कर्क | गुरु के साथ युति, गजलक्ष्मी राजयोग |
| 15 जून 2026 | सूर्य देव | वृषभ | मिथुन | मित्र राशि में गोचर (16 जुलाई तक) |
| 21 जून 2026 | मंगल देव | मेष | वृषभ | ऊर्जा और आर्थिक स्थिति में बदलाव |
| 22 जून 2026 | बुध ग्रह | मिथुन | कर्क | बुद्धि, तर्क और व्यापार पर असर |
5 बड़े ग्रहों के गोचर का विस्तृत विश्लेषण
गुरु का कर्क राशि में प्रवेश (2 जून): ज्योतिष में बृहस्पति को धन, ज्ञान, संतान और सुख-समृद्धि का कारक माना जाता है. 2 जून को गुरु अपनी उच्च राशि कर्क में प्रवेश करेंगे, जहाँ उनकी स्थिति अत्यंत मजबूत होगी. इसके साथ ही गुरु पुष्य नक्षत्र में भी प्रवेश करेंगे, जिसे शास्त्रों में बेहद शुभ माना गया है.
शुक्र का गोचर और गजलक्ष्मी राजयोग (8 जून): भौतिक सुखों के कारक शुक्र देव 8 जून को कर्क राशि में आकर पहले से मौजूद गुरु के साथ युति करेंगे. कर्क राशि में करीब 12 साल बाद गजलक्ष्मी राजयोग का निर्माण होने जा रहा है, जो आर्थिक समृद्धि के द्वार खोलेगा.
सूर्य का मिथुन राशि में प्रवेश (15 जून): ग्रहों के राजा सूर्य देव अपने मित्र ग्रह की राशि मिथुन में गोचर करेंगे. कुंडली में सूर्य की मजबूत स्थिति मान-सम्मान, सरकारी नौकरी, उच्च पद और अच्छे स्वास्थ्य का कारक बनती है.
मंगल का वृषभ राशि में गोचर (21 जून): ग्रहों के सेनापति मंगल मेष राशि से निकलकर वृषभ राशि में प्रवेश करेंगे. साहस, क्रोध और अग्नि तत्व के कारक मंगल का यह गोचर कुछ राशियों के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण तो कुछ के लिए आर्थिक लाभ लेकर आ सकता है.
बुध का कर्क राशि में गोचर (22 जून): बुद्धि और वाणी के कारक बुध ग्रह कर्क राशि में प्रवेश करेंगे. जिन जातकों की कुंडली में बुध मजबूत स्थिति में हैं, उनके लिए व्यापार और करियर के लिहाज से यह गोचर अनुकूल रहेगा.
देश, दुनिया और राजनीति पर प्रभाव
ज्योतिषाचार्य डा. अनीष व्यास के आकलन के अनुसार, जून में ग्रहों के इस महासंयोग का वैश्विक और राष्ट्रीय स्तर पर गहरा असर देखने को मिल सकता है:
राजनीतिक उठापटक: केंद्र सरकार के मंत्रिमंडल में कई चौंकाने वाले नाम सामने आ सकते हैं. जून और जुलाई का समय राजनीतिक दृष्टिकोण से थोड़ा कठिन रहेगा. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत और देश के नेतृत्व की प्रशंसा होगी, हालांकि स्वास्थ्य संबंधी कारणों से प्रधानमंत्री के दौरों में मामूली बदलाव हो सकता है. विदेशों में भी सत्ता परिवर्तन के योग बनेंगे.
अर्थव्यवस्था और बाजार: रियल स्टेट और होटल-रेस्टोरेंट के कारोबार में बड़ी वृद्धि होगी. शेयर बाजार में तेजी आएगी और अंतरराष्ट्रीय व्यापार बढ़ेगा, जिससे अर्थव्यवस्था मजबूत होगी. हालांकि, कुछ बड़े व्यापारियों या उद्योगपतियों से जुड़े बड़े विवाद या मामले सामने आ सकते हैं. बाजार में अचानक किसी वस्तु के दाम बढ़ सकते हैं.
मौसम और प्राकृतिक आपदाएं: जून के महीने में मुंबई में भारी बारिश की संभावना अधिक रहेगी. इसके अलावा, देश-दुनिया में अचानक मौसमी बदलाव, भूकंप, गैस दुर्घटना, विमान दुर्घटना या अग्निकांड जैसी प्राकृतिक और कृत्रिम आपदाओं की आशंका है.
कानून और मनोरंजन जगत: देश की कानून व्यवस्था और सेना की ताकत में इजाफा होगा. खेल, फिल्म, गायन और मनोरंजन जगत से जुड़ी किसी बड़ी हस्ती को लेकर दुखद समाचार मिलने की संभावना है.
सभी 12 राशियों पर कैसा रहेगा असर?
ग्रहों के इस राशि परिवर्तन का सभी राशियों पर सकारात्मक, नकारात्मक और मिलाजुला प्रभाव पड़ेगा:
शुभ प्रभाव (Bhagyashali Rashiyan): मिथुन, वृश्चिक, मकर और मीन.
- प्रभाव: इन राशियों को कार्यस्थल पर सराहना, पदोन्नति (प्रमोशन), व्यापार में मुनाफा और समाज में मान-सम्मान मिलेगा.
अशुभ प्रभाव (Alert Rashiyan): वृष, सिंह, तुला और कुंभ.
-
प्रभाव: धन के लेन-देन, निवेश और स्वास्थ्य के मामलों में विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है.
मिलाजुला प्रभाव: मेष, कर्क, कन्या और धनु.
ग्रहों के अशुभ प्रभाव से बचने के ज्योतिषीय उपाय
यदि आपकी राशि पर ग्रहों का प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है, तो ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार निम्नलिखित उपाय किए जा सकते हैं:
- हनुमान जी की पूजा: नियमित रूप से हनुमान चालीसा या बजरंग बाण का पाठ करें.
- महामृत्युंजय मंत्र: कष्टों से मुक्ति के लिए भगवान शिव के महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें.
- दुर्गा सप्तशती का पाठ: माता दुर्गा की आराधना करें और दुर्गा सप्तशती के श्लोकों का पाठ करें.
- दान-पुण्य: अपनी सामर्थ्य के अनुसार जरूरतमंदों को अनाज, तिल, वस्त्र या धन का दान करें.
Kal Ka Rashifal 31 May 2026: Full Moon Impact से बदलेगा कई राशियों का मूड, Career और Money से जुड़े मामलों में इन लोगों को रहना होगा सावधान
Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.
What's Your Reaction?