Inflation: पेट्रोल- डीजल के बाद मुंबई में महंगी हुईं सब्जियां, Heatwave का भी है इसमें बड़ा हाथ, जानें कैसे
Mumbai Vegetable Price Hike: देशभर में लगातार पेट्रोल- डीजल के दाम बढ़ रहे हैं. महज 10 दिनों में चार बार दाम बढ़ने की वजह से जनता के ऊपर काफी दबाव बन रहा है. मुंबई में भी लोग ईंधन के दाम बढ़ने से पहले से ही परेशान थे, वहीं अब खबरें हैं कि यहां सब्जियों की कीमत भी आसमान छू रही है. APMC वाशी मार्केट में पिछले कुछ हफ्तों में ही सब्जियों के दाम इतनी तेजी से बढ़ गए कि लोगों के घर के किचन तक का बजट हिल गया है. क्यों बढ़े दाम?मुंबई में सब्जियों के दाम बढ़ने वजह पेट्रोल- डीजल के दाम बढ़ने से ट्रांसपोर्ट का खर्च बढ़ना तो बताया ही जा रहा है. साथ ही साथ व्यापारियों का ये भी कहना है कि तेज गर्मी, फसल खराब होना भी इसकी बड़ी वजह हैं. मंगलवार को बाजार में सब्जियां लेकर करीब 480 गाड़ियां पहुंचीं, लेकिन ये सामान्य दिनों के मुकाबले कम थीं. थोक बाजार में सब्जियों के दाम करीब 20% बढ़ चुके हैं, जबकि खुदरा बाजार में कीमतें इससे भी ज्यादा बढ़ी हैं. मटर, फ्रेंच बीन्स और सेम जैसी सब्जियां मुंबई और नवी मुंबई के कई इलाकों में 100 रुपये किलो से ऊपर बिक रही हैं. ये भी पढ़ें: DK Shivakumar Net worth: कलाई में रोलेक्स-करोड़ों की जमीन, अरबों के मालिक हैं कर्नाटक के होने वाले सीएम डीके शिवकुमार, जानें नेटवर्थ किचन का हिल गया है बजटमिड डे की रिपोर्ट के मुताबिक उनके साथ कई खरीदारी करने आए लोगों ने बातचीत में बताया है कि उनके घर के किचन का सारा बजट गड़बड़ा गया है. खारघर की रहने वाली फातिमा बर्डे ने कहा कि, 'हर हफ्ते सब्जियों का खर्च बढ़ रहा है. पहले 400-500 रुपये में 2-3 दिन की सब्जियां आ जाती थीं, लेकिन अब सामान्य सब्जियां भी महंगी हो गई हैं.जिसकी वजह से हरी सब्जियां और बीन्स खरीदना कम करना पड़ रहा है.' वाशी की रहने वाली सविता राजीव ने का कहना है कि, 'अब लोग कम मात्रा में सब्जियां खरीद रहे हैं. टमाटर, बीन्स, धनिया और पत्तेदार सब्जियां काफी महंगी हो चुकी हैं. इसका सबसे ज्यादा असर मिडिल क्लास परिवारों पर पड़ रहा है. ये भी पढ़ें: क्या है रेट्रो जीएसटी, क्यों ऑनलाइन गेमिंग कंपनी से सरकार वसुल रही 10 साल का बकाया टैक्स? जून में बढ़ेंगे और दामइतना ही नहीं व्यापारियों का तो यहां तक कहना है कि अभी स्कूल बंद हैं और छुट्टियां चल रही हैं इस वजह से मांग थोड़ी कम है. लेकिन जून के पहले हफ्ते से घरों, होटलों, कैंटीन और टिफिन सेवाओं की मांग बढ़ेगी. अगर बाजार में सब्जियों की सप्लाई कम रही, तो कीमतें और बढ़ सकती हैं.
Mumbai Vegetable Price Hike: देशभर में लगातार पेट्रोल- डीजल के दाम बढ़ रहे हैं. महज 10 दिनों में चार बार दाम बढ़ने की वजह से जनता के ऊपर काफी दबाव बन रहा है. मुंबई में भी लोग ईंधन के दाम बढ़ने से पहले से ही परेशान थे, वहीं अब खबरें हैं कि यहां सब्जियों की कीमत भी आसमान छू रही है. APMC वाशी मार्केट में पिछले कुछ हफ्तों में ही सब्जियों के दाम इतनी तेजी से बढ़ गए कि लोगों के घर के किचन तक का बजट हिल गया है.
क्यों बढ़े दाम?
मुंबई में सब्जियों के दाम बढ़ने वजह पेट्रोल- डीजल के दाम बढ़ने से ट्रांसपोर्ट का खर्च बढ़ना तो बताया ही जा रहा है. साथ ही साथ व्यापारियों का ये भी कहना है कि तेज गर्मी, फसल खराब होना भी इसकी बड़ी वजह हैं. मंगलवार को बाजार में सब्जियां लेकर करीब 480 गाड़ियां पहुंचीं, लेकिन ये सामान्य दिनों के मुकाबले कम थीं. थोक बाजार में सब्जियों के दाम करीब 20% बढ़ चुके हैं, जबकि खुदरा बाजार में कीमतें इससे भी ज्यादा बढ़ी हैं. मटर, फ्रेंच बीन्स और सेम जैसी सब्जियां मुंबई और नवी मुंबई के कई इलाकों में 100 रुपये किलो से ऊपर बिक रही हैं.
किचन का हिल गया है बजट
मिड डे की रिपोर्ट के मुताबिक उनके साथ कई खरीदारी करने आए लोगों ने बातचीत में बताया है कि उनके घर के किचन का सारा बजट गड़बड़ा गया है. खारघर की रहने वाली फातिमा बर्डे ने कहा कि, 'हर हफ्ते सब्जियों का खर्च बढ़ रहा है. पहले 400-500 रुपये में 2-3 दिन की सब्जियां आ जाती थीं, लेकिन अब सामान्य सब्जियां भी महंगी हो गई हैं.जिसकी वजह से हरी सब्जियां और बीन्स खरीदना कम करना पड़ रहा है.'
वाशी की रहने वाली सविता राजीव ने का कहना है कि, 'अब लोग कम मात्रा में सब्जियां खरीद रहे हैं. टमाटर, बीन्स, धनिया और पत्तेदार सब्जियां काफी महंगी हो चुकी हैं. इसका सबसे ज्यादा असर मिडिल क्लास परिवारों पर पड़ रहा है.
ये भी पढ़ें: क्या है रेट्रो जीएसटी, क्यों ऑनलाइन गेमिंग कंपनी से सरकार वसुल रही 10 साल का बकाया टैक्स?
जून में बढ़ेंगे और दाम
इतना ही नहीं व्यापारियों का तो यहां तक कहना है कि अभी स्कूल बंद हैं और छुट्टियां चल रही हैं इस वजह से मांग थोड़ी कम है. लेकिन जून के पहले हफ्ते से घरों, होटलों, कैंटीन और टिफिन सेवाओं की मांग बढ़ेगी. अगर बाजार में सब्जियों की सप्लाई कम रही, तो कीमतें और बढ़ सकती हैं.
What's Your Reaction?