Indian Govt: LPG गैस के स्टॉक पर मोदी सरकार का बड़ा फैसला, तेल कंपनियों से कहा- 1 महीने के लिए...
LPG News: ईरान और यूएस के बीच फरवरी से युद्ध चल रहा है, जो अब तक खत्म नहीं हो रहा है. इसका असर दुनियाभर में तेल के आयात पर पड़ रहा है. भारत में भी इस युद्ध की वजह से तेल और गैस की किल्लत हो रही है. इसी बीच हाल ही में भारत की मोदी सरकार ने गैस को लेकर एक बड़ा फैसला किया है. सरकार की तरफ से फैसला किया गया है कि सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों को अब कम से कम 30 दिन का एलपीजी स्टॉक रखना होगा. क्या बोली सरकार?दरअसल हाल ही में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने एक प्रेस ब्रीफिंग की, जिसमें उन्होंने कहा कि, 'तेल विपणन कंपनियों को कम से कम 30 दिन का एलपीजी रिजर्व बनाने के लिए कहा गया है.' ये फैसला फिलहाल की स्थिति को देखते हुए लिया गया है. ताकि देशवासियों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना ना करना पड़े. ये भी पढ़ें: Desi Bling: पत्नी को हर साल 3 किलो सोना देता है ये बिजनेसमैन, ऐसा क्या काम करता है ये अरबपति आदमी? तो वहीं घरेलू एलपीजी की मांग पर सुजाता शर्मा ने कहा कि, 'अभी खपत 72,000 मीट्रिक टन प्रति दिन है, जिसमें से 50,000 से 52,000 मीट्रिक टन घरेलू उत्पादन है. पश्चिम एशिया संघर्ष से पहले भारत का घरेलू एलपीजी उत्पादन लगभग 35,000 मीट्रिक टन प्रति दिन था. पिछले चार दिनों में 1.78 करोड़ एलपीजी रिफिल बुकिंग मिली हैं और लगभग 1.8 करोड़ सिलेंडर डिलीवर किए गए हैं.' पेट्रोल- डीजल की बढ़ती मांग की पुष्टिइतना ही नहीं सरकार ने ये भी बताया है कि देश के कई जिलों में पेट्रोल- डीजल की मांग भी बढ़ी है. सुजाता शर्मा ने बताया कि, '150 जिलों में पेट्रोल की मांग में 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखी जा रही है, जबकि 14 जिलों में 100 प्रतिशत वृद्धि देखी जा रही है. इसी तरह 156 जिलों में डीजल की मांग में 30 प्रतिशत बढ़ोतरी है, जबकि 6 जिलों में 100 प्रतिशत वृद्धि देखी जा रही है.' ये भी पढ़ें: Made in India Mobiles: देश में ही बनेंगे मोबाइल के पुर्जे, 40000 करोड़ की स्कीम के साथ PLI 2.0 को जोड़ेगी सरकार इसके अलावा सुजाता शर्मा ने तेल की कालाबाजारी और जमाखोरी को भी रोकने की अपील की है. साथ ही साथ कमर्शियल LPG की सप्लाई के बारे में बात करते हुए कहा है कि '1 मई से अब तक 186,000 मीट्रिक टन कमर्शियल एलपीजी बेचा गया है'. समुद्री यातायात पर भी मिला अपडेटइतना ही नहीं इस प्रेस ब्रीफिंग में समुद्री यातायात पर अपडेट देते हुए बंदरगाह, शिपिंग और जलमार्ग मंत्रालय के निदेशक ओपेश कुमार शर्मा ने कहा कि, 'मार्शल आइलैंड्स के झंडे वाला जहाज निसोस केरोस ने 25-26 मई की रात को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से सुरक्षित पार किया और इसके 3 जून 2026 को विशाखापट्टनम पहुंचने की उम्मीद है. ये व्यापारी जहाज लगभग 270,000 मीट्रिक टन कच्चा तेल ले जा रहा है. इसमें सभी विदेशी क्रू सदस्य हैं.'
LPG News: ईरान और यूएस के बीच फरवरी से युद्ध चल रहा है, जो अब तक खत्म नहीं हो रहा है. इसका असर दुनियाभर में तेल के आयात पर पड़ रहा है. भारत में भी इस युद्ध की वजह से तेल और गैस की किल्लत हो रही है. इसी बीच हाल ही में भारत की मोदी सरकार ने गैस को लेकर एक बड़ा फैसला किया है. सरकार की तरफ से फैसला किया गया है कि सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों को अब कम से कम 30 दिन का एलपीजी स्टॉक रखना होगा.
क्या बोली सरकार?
दरअसल हाल ही में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने एक प्रेस ब्रीफिंग की, जिसमें उन्होंने कहा कि, 'तेल विपणन कंपनियों को कम से कम 30 दिन का एलपीजी रिजर्व बनाने के लिए कहा गया है.' ये फैसला फिलहाल की स्थिति को देखते हुए लिया गया है. ताकि देशवासियों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना ना करना पड़े.
ये भी पढ़ें: Desi Bling: पत्नी को हर साल 3 किलो सोना देता है ये बिजनेसमैन, ऐसा क्या काम करता है ये अरबपति आदमी?
तो वहीं घरेलू एलपीजी की मांग पर सुजाता शर्मा ने कहा कि, 'अभी खपत 72,000 मीट्रिक टन प्रति दिन है, जिसमें से 50,000 से 52,000 मीट्रिक टन घरेलू उत्पादन है. पश्चिम एशिया संघर्ष से पहले भारत का घरेलू एलपीजी उत्पादन लगभग 35,000 मीट्रिक टन प्रति दिन था. पिछले चार दिनों में 1.78 करोड़ एलपीजी रिफिल बुकिंग मिली हैं और लगभग 1.8 करोड़ सिलेंडर डिलीवर किए गए हैं.'
पेट्रोल- डीजल की बढ़ती मांग की पुष्टि
इतना ही नहीं सरकार ने ये भी बताया है कि देश के कई जिलों में पेट्रोल- डीजल की मांग भी बढ़ी है. सुजाता शर्मा ने बताया कि, '150 जिलों में पेट्रोल की मांग में 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखी जा रही है, जबकि 14 जिलों में 100 प्रतिशत वृद्धि देखी जा रही है. इसी तरह 156 जिलों में डीजल की मांग में 30 प्रतिशत बढ़ोतरी है, जबकि 6 जिलों में 100 प्रतिशत वृद्धि देखी जा रही है.'
ये भी पढ़ें: Made in India Mobiles: देश में ही बनेंगे मोबाइल के पुर्जे, 40000 करोड़ की स्कीम के साथ PLI 2.0 को जोड़ेगी सरकार
इसके अलावा सुजाता शर्मा ने तेल की कालाबाजारी और जमाखोरी को भी रोकने की अपील की है. साथ ही साथ कमर्शियल LPG की सप्लाई के बारे में बात करते हुए कहा है कि '1 मई से अब तक 186,000 मीट्रिक टन कमर्शियल एलपीजी बेचा गया है'.
समुद्री यातायात पर भी मिला अपडेट
इतना ही नहीं इस प्रेस ब्रीफिंग में समुद्री यातायात पर अपडेट देते हुए बंदरगाह, शिपिंग और जलमार्ग मंत्रालय के निदेशक ओपेश कुमार शर्मा ने कहा कि, 'मार्शल आइलैंड्स के झंडे वाला जहाज निसोस केरोस ने 25-26 मई की रात को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से सुरक्षित पार किया और इसके 3 जून 2026 को विशाखापट्टनम पहुंचने की उम्मीद है. ये व्यापारी जहाज लगभग 270,000 मीट्रिक टन कच्चा तेल ले जा रहा है. इसमें सभी विदेशी क्रू सदस्य हैं.'
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