Diwali Cleaning Tips for Health: दिवाली की सफाई करते वक्त भूल से भी मत कर देना यह गलती, शरीर में घर बना लेगी यह बीमारी

Diwali cleaning health risks: दिवाली आते ही घर में साफ-सफाई का काम शुरू हो जाता है. पुरानी चीजों को हटाया जाता है और उनकी जगह या तो नई चीजों को रखा जाता है या फिर उनको व्यवस्थित करके रखा जाता है. लोग पंखों, फर्नीचर, पर्दों से लेकर घर के हर कोने को चमकाते हैं. लेकिन अगर इस दौरान सेहत पर ध्यान न दिया जाए तो इससे कई तरह के नुकसान भी हो सकते हैं. चलिए आपको बताते हैं कि कैसे आपकी एक गलती आपको बीमार कर सकती है. सफाई के दौरान फैलने वाली बीमारी सफाई के दौरान सबसे बड़ी समस्या धूल होती है. लंबे समय तक जमा धूल साफ करने पर अचानक हवा में फैल जाती है. यह एलर्जी, खांसी, छींक और सांस की तकलीफ को बढ़ा सकती है. ऐसे में जिनको पहले से अस्थमा या एलर्जी की समस्या है, उन्हें सफाई के दौरान निकलने वाली इस धूल से काफी दिक्कत हो सकती है. इसके अलावा हम फर्श और बाकी चीजों को क्लीन करने के लिए डिटर्जेंट और क्लीनर का यूज करते हैं. बाजार में मिलने वाले इन प्रोडक्ट्स में हार्श केमिकल्स होते हैं. अगर आप गलती से भी इनका ज्यादा यूज करते हैं, तो इससे स्किन और आंखों को नुकसान पहुंच सकता है. इसके अलावा अगर आप लंबे समय तक इनके संपर्क में रहते हैं, तो आपको स्किन की दिक्कत के साथ-साथ सांस की समस्या भी हो सकती है. इन चीजों की भी हो सकती है दिक्कत बहुत लोग ऐसा करते हैं कि साफ-सफाई के लिए काफी मेहनत करते हैं. अगर आप हद से ज्यादा मेहनत करते हैं, तो आपके पीठ और पैरों में दिक्कत हो सकती है. अगर पहले से कोई समस्या है तो यह और बढ़ सकती है. CDC और NCDC की गाइडलाइन्स के अनुसार, अगर आप साफ-सफाई कर रहे हैं, तो कोशिश करें कि मास्क (N95 या सर्जिकल) पहनना सबसे जरूरी है. क्लीनिंग केमिकल्स जैसे कि ब्लीच, डिटर्जेंट हाथ और आंखों को नुकसान पहुंचा सकते हैं. इससे बचने के लिए आप रबर के ग्लव्स और सेफ्टी गॉगल्स जरूर पहनें. हेल्थ एक्सपर्ट कहते हैं कि साफ-सफाई के दौरान कमरे का दरवाजा और खिड़की खोलकर रखना चाहिए, जिससे अच्छी हवा अंदर आ सके और धूल और बाकी चीजों से आपको कोई दिक्कत न हो. कोशिश करें कि झाड़ू की बजाय गीले कपड़े या मोप का इस्तेमाल करें ताकि धूल उड़कर हवा में न फैले. इसे भी पढ़ें: Premanand Maharaj Kidney Disease: किडनी की किस बीमारी से जूझ रहे प्रेमानंद महाराज, इसमें मौत का खतरा कितना ज्यादा? Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

Oct 15, 2025 - 11:30
 0
Diwali Cleaning Tips for Health: दिवाली की सफाई करते वक्त भूल से भी मत कर देना यह गलती, शरीर में घर बना लेगी यह बीमारी

Diwali cleaning health risks: दिवाली आते ही घर में साफ-सफाई का काम शुरू हो जाता है. पुरानी चीजों को हटाया जाता है और उनकी जगह या तो नई चीजों को रखा जाता है या फिर उनको व्यवस्थित करके रखा जाता है. लोग पंखों, फर्नीचर, पर्दों से लेकर घर के हर कोने को चमकाते हैं. लेकिन अगर इस दौरान सेहत पर ध्यान न दिया जाए तो इससे कई तरह के नुकसान भी हो सकते हैं. चलिए आपको बताते हैं कि कैसे आपकी एक गलती आपको बीमार कर सकती है.

सफाई के दौरान फैलने वाली बीमारी

सफाई के दौरान सबसे बड़ी समस्या धूल होती है. लंबे समय तक जमा धूल साफ करने पर अचानक हवा में फैल जाती है. यह एलर्जी, खांसी, छींक और सांस की तकलीफ को बढ़ा सकती है. ऐसे में जिनको पहले से अस्थमा या एलर्जी की समस्या है, उन्हें सफाई के दौरान निकलने वाली इस धूल से काफी दिक्कत हो सकती है. इसके अलावा हम फर्श और बाकी चीजों को क्लीन करने के लिए डिटर्जेंट और क्लीनर का यूज करते हैं. बाजार में मिलने वाले इन प्रोडक्ट्स में हार्श केमिकल्स होते हैं. अगर आप गलती से भी इनका ज्यादा यूज करते हैं, तो इससे स्किन और आंखों को नुकसान पहुंच सकता है. इसके अलावा अगर आप लंबे समय तक इनके संपर्क में रहते हैं, तो आपको स्किन की दिक्कत के साथ-साथ सांस की समस्या भी हो सकती है.

इन चीजों की भी हो सकती है दिक्कत

बहुत लोग ऐसा करते हैं कि साफ-सफाई के लिए काफी मेहनत करते हैं. अगर आप हद से ज्यादा मेहनत करते हैं, तो आपके पीठ और पैरों में दिक्कत हो सकती है. अगर पहले से कोई समस्या है तो यह और बढ़ सकती है. CDC और NCDC की गाइडलाइन्स के अनुसार, अगर आप साफ-सफाई कर रहे हैं, तो कोशिश करें कि मास्क (N95 या सर्जिकल) पहनना सबसे जरूरी है. क्लीनिंग केमिकल्स जैसे कि ब्लीच, डिटर्जेंट हाथ और आंखों को नुकसान पहुंचा सकते हैं. इससे बचने के लिए आप रबर के ग्लव्स और सेफ्टी गॉगल्स जरूर पहनें. हेल्थ एक्सपर्ट कहते हैं कि साफ-सफाई के दौरान कमरे का दरवाजा और खिड़की खोलकर रखना चाहिए, जिससे अच्छी हवा अंदर आ सके और धूल और बाकी चीजों से आपको कोई दिक्कत न हो. कोशिश करें कि झाड़ू की बजाय गीले कपड़े या मोप का इस्तेमाल करें ताकि धूल उड़कर हवा में न फैले.

इसे भी पढ़ें: Premanand Maharaj Kidney Disease: किडनी की किस बीमारी से जूझ रहे प्रेमानंद महाराज, इसमें मौत का खतरा कितना ज्यादा?

Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow