सीपी राधाकृष्णन के सामने कौन होगा विपक्ष का उपराष्ट्रपति उम्मीदवार? खरगे के आवास पर हुई बैठक में सामने आया ये नाम
उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार को लेकर इंडिया गठबंधन में मंथन जारी है. इसे लेकर कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर सोमवार (18 अगस्त 2025) को इंडिया गठबंधन के नेताओं की बैठ हुई. सूत्रों के अनुसार, यह स्पष्ट है कि विपक्ष अपना उम्मीदवार पेश करेगा. विपक्षी गठबंधन में एम अन्नादुरई के नाम पर चर्चा डीएमके भी उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के पक्ष में है क्योंकि एनडीए की ओर से सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाए जाने पर वैचारिक मतभेद है. सूत्रों के अनुसार इंडिया गठबंधन की ओर से उम्मीदवार तय करने का काम खरगे को सौंपा गया है. खरगे के आवास पर हुई बैठक में पद्मश्री से सम्मानित प्रख्यात वैज्ञानिक एम अन्नादुरई के नाम पर भी चर्चा हुई. प्रोफेसर राम गोपाल यादव ने इस नाम का उल्लेख किया. बिहार या तमिलनाडु का उम्मीदवार तय करने का सुझाव सूत्रों का कहना है कि एक नेता ने सुझाव दिया कि आगामी विधानसभा चुनावों और पूरे एसआईआर मुद्दे के कारण उम्मीदवार बिहार या तमिलनाडु से होना चाहिए. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे टीएमसी चीफ और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सहित इंडिया गठबंधन के नेताओं से बात करेंगे और एक नाम तय करेंगे, जिसकी घोषणा मंगलवार (19 अगस्त 2025) को होगी. बताया जा रहा है कि टीएमसी चीफ ममता बनर्जी चाहती हैं अगला उपराष्ट्रपति राजनीतिक बैकग्राउंड से न हो. यही वजह बताई जा रही है कि टीएमसी ने पिछली बार हुए राष्ट्रपति चुनाव में हिस्सा नहीं लिया था. बीजेपी चाहती थी निर्विरोध चुने जाएं सीपी राधाकृष्णन एनडीए की ओर से रविवार (17 अगस्त 2025) को महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया गया. बीजेपी चाहती थी कि उपराष्ट्रपति निर्विरोध तरीके से चुने जाएं, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा. बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा था कि अगले उपराष्ट्रपति का चुनाव सर्वसम्मति से हो जिसके लिए वे विपक्षी नेताओं से बात करेंगे. तमिलनाडु में अगले साल विधानसभा के चुनाव होने वाले हैं. ऐसे में डीएमके ने आरोप लगाया हैं कि बीजेपी ने चुनावी लाभ लेने के लिए सीपी राधाकृष्णन के नाम का ऐलान किया है. डीएमके के वरिष्ठ नेता टीके एस इलांगोवन ने कहा, "बीजेपी ने अपने चुनावी फायदे को ध्यान में रखते हुए महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद के लिए नामित किया है. राधाकृष्णन बीजेपी के कार्यकर्ता हैं और पार्टी की ओर से दूसरे शीर्ष संवैधानिक पद के लिए उनका नामांकन उनकी पदोन्नति है. इससे तमिलनाडु का कोई भला नहीं होने वाला है."
उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार को लेकर इंडिया गठबंधन में मंथन जारी है. इसे लेकर कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर सोमवार (18 अगस्त 2025) को इंडिया गठबंधन के नेताओं की बैठ हुई. सूत्रों के अनुसार, यह स्पष्ट है कि विपक्ष अपना उम्मीदवार पेश करेगा.
विपक्षी गठबंधन में एम अन्नादुरई के नाम पर चर्चा
डीएमके भी उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के पक्ष में है क्योंकि एनडीए की ओर से सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाए जाने पर वैचारिक मतभेद है. सूत्रों के अनुसार इंडिया गठबंधन की ओर से उम्मीदवार तय करने का काम खरगे को सौंपा गया है. खरगे के आवास पर हुई बैठक में पद्मश्री से सम्मानित प्रख्यात वैज्ञानिक एम अन्नादुरई के नाम पर भी चर्चा हुई. प्रोफेसर राम गोपाल यादव ने इस नाम का उल्लेख किया.
बिहार या तमिलनाडु का उम्मीदवार तय करने का सुझाव
सूत्रों का कहना है कि एक नेता ने सुझाव दिया कि आगामी विधानसभा चुनावों और पूरे एसआईआर मुद्दे के कारण उम्मीदवार बिहार या तमिलनाडु से होना चाहिए. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे टीएमसी चीफ और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सहित इंडिया गठबंधन के नेताओं से बात करेंगे और एक नाम तय करेंगे, जिसकी घोषणा मंगलवार (19 अगस्त 2025) को होगी.
बताया जा रहा है कि टीएमसी चीफ ममता बनर्जी चाहती हैं अगला उपराष्ट्रपति राजनीतिक बैकग्राउंड से न हो. यही वजह बताई जा रही है कि टीएमसी ने पिछली बार हुए राष्ट्रपति चुनाव में हिस्सा नहीं लिया था.
बीजेपी चाहती थी निर्विरोध चुने जाएं सीपी राधाकृष्णन
एनडीए की ओर से रविवार (17 अगस्त 2025) को महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया गया. बीजेपी चाहती थी कि उपराष्ट्रपति निर्विरोध तरीके से चुने जाएं, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा. बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा था कि अगले उपराष्ट्रपति का चुनाव सर्वसम्मति से हो जिसके लिए वे विपक्षी नेताओं से बात करेंगे.
तमिलनाडु में अगले साल विधानसभा के चुनाव होने वाले हैं. ऐसे में डीएमके ने आरोप लगाया हैं कि बीजेपी ने चुनावी लाभ लेने के लिए सीपी राधाकृष्णन के नाम का ऐलान किया है. डीएमके के वरिष्ठ नेता टीके एस इलांगोवन ने कहा, "बीजेपी ने अपने चुनावी फायदे को ध्यान में रखते हुए महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद के लिए नामित किया है. राधाकृष्णन बीजेपी के कार्यकर्ता हैं और पार्टी की ओर से दूसरे शीर्ष संवैधानिक पद के लिए उनका नामांकन उनकी पदोन्नति है. इससे तमिलनाडु का कोई भला नहीं होने वाला है."
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