वक्त रहते बेच दो... क्रैश हो सकता है स्टॉक, ब्रोकरेज ने लगाया 47 परसेंट तक गिरावट का अनुमान

Dixon Technologies Shares: भारत की टॉप इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग कंपनी डिक्सन टेक्नोलॉजीज (Dixon Technologies) के शेयरों के आजकल बुरे दिन चल रहे हैं. ब्रोकरेज फर्म फिलिप कैपिटल के स्टॉक को 'Sell' रेटिंग दिए जाने के साथ निवेशकों में हड़कंप मच गई. इसी के साथ मंगलवार, 14 अक्टूबर को शेयरों में भारी गिरावट दर्ज की गई. ब्रोकरेज ने इसके लिए प्रति शेयर 9,085 रुपये का टारगेट प्राइस तय किया है, जो सोमवार के बंद भाव से 47 परसेंट की गिरावट को दर्शाता है. क्यों ब्रोकरेज को नहीं शेयर पर भरोसा? ब्रोकरेज का कहना है कि डिस्कन पर बड़े पैमाने पर क्लाइंट कंन्सेंट्रेशन रिस्क का जोखिम है यानी कि ग्राहकों पर जरूरत से ज्यादा निर्भरता का खतरा है. Motorola कंपनी का सबसे बड़ा क्लाइंट है, जिसकी भारतीय बाजारों में बिक्री में गिरावट आई है. कारोबारी साल 2025 में डिक्सन के मोबाइल फोन रेवेन्यू  का लगभग 80 परसेंट मोटोरोला से आया था, जो 2026 की दूसरी तिमाही तक घटकर 60 परसेंट रह गया. दरअसल, ऐप्पल और दूसरे एंड्रॉयड ब्रांड्स के साथ बढ़ते मुकाबले के बीच घरेलू शिपमेंट में कमी आई है.  डिस्कन टेक्नोलॉजीज के सामने यह है चुनौती कारोबारी साल 2026 की दूसरी तिमाही में भारतीय बाजारों में मोटोरोला की बिक्री में 18 परसेंट की कमी आई है. कंपनी पहले के मुकाबले कम मोबाइल फोन बनाने लगी है. मोबाइल फोन की मैन्युफैक्चरिंग में यह कमी इसलिए आई है क्योंकि अब कंपनी अपनी मैन्युफैक्चरिंग का कुछ हिस्सा Karbon जैसी कंपनी को देने लगी है. जाहिर तौर पर इससे डिक्सन के ऑर्डर वॉल्यूम में गिरावट आई है. फिलिप कैपिटल ने यह भी कहा कि कंपनी कारोबारी साल 2026 की पहली तिमाही के 15 परसेंट ग्रोथ गाइडेंस को हासिल नहीं कर पाएगा. इसकी दो वजहें हैं- एक तरफ Motorola से मिलने वाले ऑर्डर घट रहे हैं और वहीं, दूसरी तरफ Longcheer और Xiaomi जैसी कंपनियों की कंपनी में हिस्सेदारी बढ़ रही है. ब्रोकरेज ने कारोबारी साल 2026 की आने वाली तिमाहियों में कंपनी के प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में दोहरे अंक की कमी आने का अनुमान लगाया है, जो मौजूदा समय में 1,200 परसेंट आंका गया. डिक्सन टेक्नोलॉजीज पर नजर रखने वाले 36 विश्लेषकों में से 27 ने 'खरीदें' रेटिंग दी है, छह ने 'होल्ड' की सलाह दी है, और तीन ने 'बेचें' की सलाह दी है. डिक्सन टेक्नोलॉजीज के शेयर मंगलवार को 4.05% की गिरावट के साथ 16,499 रुपये पर कारोबार कर रहे थे. इस साल अब तक शेयर में लगभग 8 परसेंट की गिरावट आई है.    (यहां मुहैया जानकारी सिर्फ़ सूचना हेतु दी जा रही है. यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें. ABPLive.com की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है.) ये भी पढ़ें: 1200 परसेंट से ज्यादा उछल गया यह मल्टीबैगर स्टॉक, अब कंपनी ने किया 1:1 बोनस का ऐलान; विजय केडिया का भी है दांव 

Oct 15, 2025 - 10:30
 0
वक्त रहते बेच दो... क्रैश हो सकता है स्टॉक, ब्रोकरेज ने लगाया 47 परसेंट तक गिरावट का अनुमान

Dixon Technologies Shares: भारत की टॉप इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग कंपनी डिक्सन टेक्नोलॉजीज (Dixon Technologies) के शेयरों के आजकल बुरे दिन चल रहे हैं. ब्रोकरेज फर्म फिलिप कैपिटल के स्टॉक को 'Sell' रेटिंग दिए जाने के साथ निवेशकों में हड़कंप मच गई. इसी के साथ मंगलवार, 14 अक्टूबर को शेयरों में भारी गिरावट दर्ज की गई. ब्रोकरेज ने इसके लिए प्रति शेयर 9,085 रुपये का टारगेट प्राइस तय किया है, जो सोमवार के बंद भाव से 47 परसेंट की गिरावट को दर्शाता है.

क्यों ब्रोकरेज को नहीं शेयर पर भरोसा?

ब्रोकरेज का कहना है कि डिस्कन पर बड़े पैमाने पर क्लाइंट कंन्सेंट्रेशन रिस्क का जोखिम है यानी कि ग्राहकों पर जरूरत से ज्यादा निर्भरता का खतरा है. Motorola कंपनी का सबसे बड़ा क्लाइंट है, जिसकी भारतीय बाजारों में बिक्री में गिरावट आई है. कारोबारी साल 2025 में डिक्सन के मोबाइल फोन रेवेन्यू  का लगभग 80 परसेंट मोटोरोला से आया था, जो 2026 की दूसरी तिमाही तक घटकर 60 परसेंट रह गया. दरअसल, ऐप्पल और दूसरे एंड्रॉयड ब्रांड्स के साथ बढ़ते मुकाबले के बीच घरेलू शिपमेंट में कमी आई है. 

डिस्कन टेक्नोलॉजीज के सामने यह है चुनौती

कारोबारी साल 2026 की दूसरी तिमाही में भारतीय बाजारों में मोटोरोला की बिक्री में 18 परसेंट की कमी आई है. कंपनी पहले के मुकाबले कम मोबाइल फोन बनाने लगी है. मोबाइल फोन की मैन्युफैक्चरिंग में यह कमी इसलिए आई है क्योंकि अब कंपनी अपनी मैन्युफैक्चरिंग का कुछ हिस्सा Karbon जैसी कंपनी को देने लगी है. जाहिर तौर पर इससे डिक्सन के ऑर्डर वॉल्यूम में गिरावट आई है.

फिलिप कैपिटल ने यह भी कहा कि कंपनी कारोबारी साल 2026 की पहली तिमाही के 15 परसेंट ग्रोथ गाइडेंस को हासिल नहीं कर पाएगा. इसकी दो वजहें हैं- एक तरफ Motorola से मिलने वाले ऑर्डर घट रहे हैं और वहीं, दूसरी तरफ Longcheer और Xiaomi जैसी कंपनियों की कंपनी में हिस्सेदारी बढ़ रही है.

ब्रोकरेज ने कारोबारी साल 2026 की आने वाली तिमाहियों में कंपनी के प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में दोहरे अंक की कमी आने का अनुमान लगाया है, जो मौजूदा समय में 1,200 परसेंट आंका गया. डिक्सन टेक्नोलॉजीज पर नजर रखने वाले 36 विश्लेषकों में से 27 ने 'खरीदें' रेटिंग दी है, छह ने 'होल्ड' की सलाह दी है, और तीन ने 'बेचें' की सलाह दी है. डिक्सन टेक्नोलॉजीज के शेयर मंगलवार को 4.05% की गिरावट के साथ 16,499 रुपये पर कारोबार कर रहे थे. इस साल अब तक शेयर में लगभग 8 परसेंट की गिरावट आई है. 

 

(यहां मुहैया जानकारी सिर्फ़ सूचना हेतु दी जा रही है. यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें. ABPLive.com की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है.)

ये भी पढ़ें:

1200 परसेंट से ज्यादा उछल गया यह मल्टीबैगर स्टॉक, अब कंपनी ने किया 1:1 बोनस का ऐलान; विजय केडिया का भी है दांव 

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow