‘पार्टी राजनीति से कोई लेना-देना नहीं’, PAK को बेनकाब करने वाले प्रतिनिधिमंडल को लेकर बोले शशि थरूर

Shashi Tharoor in All Party Delegation: केंद्र सरकार ने पाकिस्तान के साथ तनाव और भारत के ऑपरेशन सिंदूर को लेकर अपने प्रमुख साझेदार देशों के समक्ष अपने पक्ष रखने के लिए 7 सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल (ऑल पार्टी डेलिगेशन) का गठन किया है. इस डेलिगेशन में सत्तारूढ़ पार्टियों के साथ विपक्षी पार्टी के नेता भी शामिल हुए. हालांकि, कांग्रेस की तरफ से डेलिगेशन के लिस्ट में शशि थरूर का नाम न होने के बाद काफी बयानबाजी हुई और केंद्र सरकार ने शशि थरूर को एक प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करने के लिए नियुक्त किया है. प्रतिनिधिमंडल में शामिल  करने के बाद बोले शशि थरूर सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल में शामिल होने के बाद तिरुवनंतपुरम से कांग्रेस के सांसद शशि थरूर ने कहा, “मुझे यह जिम्मेदारी दी गई है. यह मेरे लिए सम्मान की बात है. देश को मेरी सेवाओं की आवश्यकता होगी तो मैं उपलब्ध रहूंगा. मैं इस जिम्मेदारी को उसी तरह से पूरा करूंगा, जैसे मैंने अपने लंबे कार्यकाल में मुझे सौंपी गई हर जिम्मेदारी को पूरा किया है, फिर चाहे वो संयुक्त राष्ट्र में हो या कांग्रेस पार्टी में.” उन्होंने कहा, “मेरी पार्टी नेतृत्व को मेरी योग्यताओं या कमियों के बारे में अपनी राय रखने का हकदार है. इसे लेकर मुझे कोई टिप्पणी नहीं करनी है. मुझे इस प्रतिनिधिमंडल के लिए दो दिन पहले कॉल आई थी, जिसकी जानकारी मैंने अपनी पार्टी को दी थी. मैंने संसदीय कार्य मंत्री से कहा था कि वे विपक्षी पार्टियों के नेतृत्व से इस बारे में बात करें, इसके बाद उन्होंने आश्वासन देते हुए कहा कि ऐसा ही किया जाएगा.” #WATCH | Congress MP Shashi Tharoor to lead one of the seven delegations on India’s anti-terror standHe says, "My party leadership is entitled to its opinion of my abilities or lack thereof, and I think that is really for them to explain. I have absolutely no comment to make on… pic.twitter.com/eOpB5MHWRe — ANI (@ANI) May 17, 2025 यह देश के लिए काम करने का समय है- शशि थरूर उन्होंने आगे कहा, “यह देश के लिए काम करने का समय है, मैंने केंद्र सरकार का निमंत्रण स्वीकार किया है. मेरे विचार से इसका पार्टी राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है. ये सब इस बात से संबंधित है कि हमारे देश ने हाल के दिनों में क्या-क्या झेला है और हमें एकजुट रहने की जरूरत है, हमारी एकता ही सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है. पहले भी भेजे गए हैं डेलिगेशन- शशि थरूर शशि थरूर ने कहा, “यह पहला नहीं हो रहा है कि देश से डेलिगेशन भेजे जा रहे हैं. आपको याद होगा कि साल 2008 में 26/11 मुंबई आतंकी हमले के बाद तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की सरकार ने भी ऐसा डेलिगेशन दुनिया के अलग-अलग देशों में भेजा था.”

May 18, 2025 - 02:30
 0
‘पार्टी राजनीति से कोई लेना-देना नहीं’, PAK को बेनकाब करने वाले प्रतिनिधिमंडल को लेकर बोले शशि थरूर

Shashi Tharoor in All Party Delegation: केंद्र सरकार ने पाकिस्तान के साथ तनाव और भारत के ऑपरेशन सिंदूर को लेकर अपने प्रमुख साझेदार देशों के समक्ष अपने पक्ष रखने के लिए 7 सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल (ऑल पार्टी डेलिगेशन) का गठन किया है. इस डेलिगेशन में सत्तारूढ़ पार्टियों के साथ विपक्षी पार्टी के नेता भी शामिल हुए. हालांकि, कांग्रेस की तरफ से डेलिगेशन के लिस्ट में शशि थरूर का नाम न होने के बाद काफी बयानबाजी हुई और केंद्र सरकार ने शशि थरूर को एक प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करने के लिए नियुक्त किया है.

प्रतिनिधिमंडल में शामिल  करने के बाद बोले शशि थरूर

सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल में शामिल होने के बाद तिरुवनंतपुरम से कांग्रेस के सांसद शशि थरूर ने कहा, “मुझे यह जिम्मेदारी दी गई है. यह मेरे लिए सम्मान की बात है. देश को मेरी सेवाओं की आवश्यकता होगी तो मैं उपलब्ध रहूंगा. मैं इस जिम्मेदारी को उसी तरह से पूरा करूंगा, जैसे मैंने अपने लंबे कार्यकाल में मुझे सौंपी गई हर जिम्मेदारी को पूरा किया है, फिर चाहे वो संयुक्त राष्ट्र में हो या कांग्रेस पार्टी में.”

उन्होंने कहा, “मेरी पार्टी नेतृत्व को मेरी योग्यताओं या कमियों के बारे में अपनी राय रखने का हकदार है. इसे लेकर मुझे कोई टिप्पणी नहीं करनी है. मुझे इस प्रतिनिधिमंडल के लिए दो दिन पहले कॉल आई थी, जिसकी जानकारी मैंने अपनी पार्टी को दी थी. मैंने संसदीय कार्य मंत्री से कहा था कि वे विपक्षी पार्टियों के नेतृत्व से इस बारे में बात करें, इसके बाद उन्होंने आश्वासन देते हुए कहा कि ऐसा ही किया जाएगा.”

यह देश के लिए काम करने का समय है- शशि थरूर

उन्होंने आगे कहा, “यह देश के लिए काम करने का समय है, मैंने केंद्र सरकार का निमंत्रण स्वीकार किया है. मेरे विचार से इसका पार्टी राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है. ये सब इस बात से संबंधित है कि हमारे देश ने हाल के दिनों में क्या-क्या झेला है और हमें एकजुट रहने की जरूरत है, हमारी एकता ही सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है.

पहले भी भेजे गए हैं डेलिगेशन- शशि थरूर

शशि थरूर ने कहा, “यह पहला नहीं हो रहा है कि देश से डेलिगेशन भेजे जा रहे हैं. आपको याद होगा कि साल 2008 में 26/11 मुंबई आतंकी हमले के बाद तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की सरकार ने भी ऐसा डेलिगेशन दुनिया के अलग-अलग देशों में भेजा था.”

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow