जॉब मार्केट में CA-CS की बढ़ी डिमांड, MBA और इंजीनियर्स से निकले आगे
भारत के कैंपस जॉब मार्केट में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स और कंपनी सेक्रेटरी की मांग तेजी से बढ़ती दिखाई दे रही है. कंपनियां जहां इंजीनियरिंग और एमबीए जैसे प्रोफेशनल कोर्स करने वाले उम्मीदवारों की भर्ती को लेकर बंटी हुई है, वहीं सीए और सीएस उम्मीदवारों को लेकर ज्यादा संस्थान भर्ती बढ़ाने की योजना बना रहे हैं. AON की कैंपस स्टडी रिपोर्ट 2026-27 के अनुसार 56 प्रतिशत कंपनियां सीए और सीएस की भर्ती बढ़ाने की तैयारी में ह. रिपोर्ट के अनुसार 33 प्रतिशत संस्थान सीए और सीएस भर्ती में कोई बदलाव नहीं करेंगे. जबकि 11 प्रतिशत कंपनियां इन प्रोफेशनल की भर्ती कम करने की योजना बना रही है. इस तरह सीए और सीएस के लिए नेट हायरिंग इंटेंट +45 प्रतिशत अंक रहा, जो रिपोर्ट में शामिल सभी टैलेंट ग्रुप में सबसे ज्यादा है. सीए और सीएस के मुकाबले एमबीए और इंजीनियरिंग उम्मीदवारों को लेकर कंपनियों की भर्ती योजनाएं एक जैसी नहीं है. इंजीनियरिंग टैलेंट के लिए नेट हायरिंग इंटेंट -4 अंक रहा. वहीं 36 प्रतिशत कंपनियां इंजीनियर की भर्ती बढ़ाने की योजना बना रही है, जबकि 40 प्रतिशत इसे घटाना चाहती है. इसके अलावा एमबीए उम्मीदवारों के मामले में तस्वीर और कमजोरी रही है. यहां नेट हायरिंग इंटेंट -10 रहा है. रिपोर्ट के अनुसार 34 प्रतिशत संगठन एमबीए भर्ती बढ़ाना चाहते हैं, जबकि 44 प्रतिशत इसे कम करने की योजना बना रहे हैं. वहीं लेटरल हायरिंग को लेकर भी कंपनियों की राय बंटी हुई है. 40 प्रतिशत संस्थान इसमें भर्ती बढ़ाने की योजना बना रहे हैं और इतने ही संगठन इसे घटाने की तैयारी में है. CA-CS के लिए इंटर्नशिप पर भी मजबूत रास्ता सीए और सीएस की डिमांड केवल फुल टाइम नौकरियों तक सीमित नहीं है. रिपोर्ट के अनुसार 91 प्रतिशत संगठन सीए और सीएस इंटर्न को हायर करते हैं. यह आंकड़ा बीटेक-एमटेक के लिए 94 प्रतिशत और एमबीए के लिए 93 प्रतिशत के करीब है. बीए, बीकॉम, बीएससी, एमए, एमकॉम और एमएससी जैसे ग्रेजुएट्स के लिए भी आंकड़ा 91 प्रतिशत है. वहीं इंटर्नशिप के बाद नौकरी का रास्ता भी सीए और सीएस उम्मीदवारों के लिए काफी खुला हुआ है. करीब 82 प्रतिशत कंपनियां सीए और सीएस इंटर्न को प्री-प्लेसमेंट इंटरव्यू या ऑफर देते हैं. एमबीए के लिए यह आंकड़ा 85 प्रतिशत है. बीए, बीकॉम, बीएससी के लिए 83 प्रतिशत और बीटेक-एमटेक के लिए 81 प्रतिशत है. CA फाइनल में बैठने वाले उम्मीदवारों की संख्या घटी एक तरफ कंपनियां सीए और सीएस प्रोफेशनल की भर्ती बढ़ाना चाहती है, वहीं सीए फाइनल परीक्षा के उम्मीदवारों की संख्या में पिछले कुछ सालों में कमी आई है. आईसीएआई के आंकड़ों के अनुसार में 2017 में सीए फाइनल के लिए 1,32,007 रजिस्ट्रेशन हुए थे. मई 2025 में यह संख्या घटकर 99,466 रह गई, यानी करीब 25 प्रतिशत की इसमें कमी आई. वहीं सितंबर 2025 की परीक्षा में 81,852 रजिस्ट्रेशन हुए, जो मई 2017 के मुकाबले करीब 38 प्रतिशत कम है. ये भी पढ़ें-दिवाली से पहले UP के शिक्षकों की बल्ले-बल्ले, 70 हजार से ज्यादा का होगा प्रमोशन 2024 में ज्यादा उम्मीदवार हुए थे पास सीए फाइनल में सफल उम्मीदवारों की संख्या भी अलग-अलग परीक्षाओं में बदलती रही है. मई 2024 में 20,446 उम्मीदवार पास हुए, जो दिए गए आंकड़ों में किसी एक परीक्षा में सबसे ज्यादा है. वहीं नवंबर 2024 में 11,500 उम्मीदवार सफल हुए. दोनों परीक्षाओं को मिलाकर 2024 में 31,946 उम्मीदवारों ने का फाइनल क्लियर किया. वहीं मई और सितंबर 2025 की दोनों परीक्षाओं में कुल 25,713 उम्मीदवार सफल हुए. यह 2024 की दोनों परीक्षाओं के मुकाबले करीब 20 प्रतिशत कम है. CA फाइनल में महिलाओं की हिस्सेदारी भी बढ़ी सीए फाइनल में रजिस्ट्रेशन की कुल संख्या भले ही कम हुई हो, लेकिन इसमें महिलाओं की हिस्सेदारी बढ़ी है. मई 2015 में कुल रजिस्ट्रेशन में महिलाओं की हिस्सेदारी करीब 35 प्रतिशत थी. वहीं मई 2025 में यह बढ़कर लगभग 41 प्रतिशत हो गई. वहीं सितंबर 2025 में भी महिलाओं की हिस्सेदारी करीब 41 प्रतिशत रही. ये भी पढ़ें-CBSE 10वीं के छात्रों को राहत, नहीं बदलेगा पास होने का नियम
भारत के कैंपस जॉब मार्केट में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स और कंपनी सेक्रेटरी की मांग तेजी से बढ़ती दिखाई दे रही है. कंपनियां जहां इंजीनियरिंग और एमबीए जैसे प्रोफेशनल कोर्स करने वाले उम्मीदवारों की भर्ती को लेकर बंटी हुई है, वहीं सीए और सीएस उम्मीदवारों को लेकर ज्यादा संस्थान भर्ती बढ़ाने की योजना बना रहे हैं. AON की कैंपस स्टडी रिपोर्ट 2026-27 के अनुसार 56 प्रतिशत कंपनियां सीए और सीएस की भर्ती बढ़ाने की तैयारी में ह. रिपोर्ट के अनुसार 33 प्रतिशत संस्थान सीए और सीएस भर्ती में कोई बदलाव नहीं करेंगे. जबकि 11 प्रतिशत कंपनियां इन प्रोफेशनल की भर्ती कम करने की योजना बना रही है. इस तरह सीए और सीएस के लिए नेट हायरिंग इंटेंट +45 प्रतिशत अंक रहा, जो रिपोर्ट में शामिल सभी टैलेंट ग्रुप में सबसे ज्यादा है.
सीए और सीएस के मुकाबले एमबीए और इंजीनियरिंग उम्मीदवारों को लेकर कंपनियों की भर्ती योजनाएं एक जैसी नहीं है. इंजीनियरिंग टैलेंट के लिए नेट हायरिंग इंटेंट -4 अंक रहा. वहीं 36 प्रतिशत कंपनियां इंजीनियर की भर्ती बढ़ाने की योजना बना रही है, जबकि 40 प्रतिशत इसे घटाना चाहती है. इसके अलावा एमबीए उम्मीदवारों के मामले में तस्वीर और कमजोरी रही है. यहां नेट हायरिंग इंटेंट -10 रहा है. रिपोर्ट के अनुसार 34 प्रतिशत संगठन एमबीए भर्ती बढ़ाना चाहते हैं, जबकि 44 प्रतिशत इसे कम करने की योजना बना रहे हैं. वहीं लेटरल हायरिंग को लेकर भी कंपनियों की राय बंटी हुई है. 40 प्रतिशत संस्थान इसमें भर्ती बढ़ाने की योजना बना रहे हैं और इतने ही संगठन इसे घटाने की तैयारी में है.
CA-CS के लिए इंटर्नशिप पर भी मजबूत रास्ता
सीए और सीएस की डिमांड केवल फुल टाइम नौकरियों तक सीमित नहीं है. रिपोर्ट के अनुसार 91 प्रतिशत संगठन सीए और सीएस इंटर्न को हायर करते हैं. यह आंकड़ा बीटेक-एमटेक के लिए 94 प्रतिशत और एमबीए के लिए 93 प्रतिशत के करीब है. बीए, बीकॉम, बीएससी, एमए, एमकॉम और एमएससी जैसे ग्रेजुएट्स के लिए भी आंकड़ा 91 प्रतिशत है. वहीं इंटर्नशिप के बाद नौकरी का रास्ता भी सीए और सीएस उम्मीदवारों के लिए काफी खुला हुआ है. करीब 82 प्रतिशत कंपनियां सीए और सीएस इंटर्न को प्री-प्लेसमेंट इंटरव्यू या ऑफर देते हैं. एमबीए के लिए यह आंकड़ा 85 प्रतिशत है. बीए, बीकॉम, बीएससी के लिए 83 प्रतिशत और बीटेक-एमटेक के लिए 81 प्रतिशत है.
CA फाइनल में बैठने वाले उम्मीदवारों की संख्या घटी
एक तरफ कंपनियां सीए और सीएस प्रोफेशनल की भर्ती बढ़ाना चाहती है, वहीं सीए फाइनल परीक्षा के उम्मीदवारों की संख्या में पिछले कुछ सालों में कमी आई है. आईसीएआई के आंकड़ों के अनुसार में 2017 में सीए फाइनल के लिए 1,32,007 रजिस्ट्रेशन हुए थे. मई 2025 में यह संख्या घटकर 99,466 रह गई, यानी करीब 25 प्रतिशत की इसमें कमी आई. वहीं सितंबर 2025 की परीक्षा में 81,852 रजिस्ट्रेशन हुए, जो मई 2017 के मुकाबले करीब 38 प्रतिशत कम है.
ये भी पढ़ें-दिवाली से पहले UP के शिक्षकों की बल्ले-बल्ले, 70 हजार से ज्यादा का होगा प्रमोशन
2024 में ज्यादा उम्मीदवार हुए थे पास
सीए फाइनल में सफल उम्मीदवारों की संख्या भी अलग-अलग परीक्षाओं में बदलती रही है. मई 2024 में 20,446 उम्मीदवार पास हुए, जो दिए गए आंकड़ों में किसी एक परीक्षा में सबसे ज्यादा है. वहीं नवंबर 2024 में 11,500 उम्मीदवार सफल हुए. दोनों परीक्षाओं को मिलाकर 2024 में 31,946 उम्मीदवारों ने का फाइनल क्लियर किया. वहीं मई और सितंबर 2025 की दोनों परीक्षाओं में कुल 25,713 उम्मीदवार सफल हुए. यह 2024 की दोनों परीक्षाओं के मुकाबले करीब 20 प्रतिशत कम है.
CA फाइनल में महिलाओं की हिस्सेदारी भी बढ़ी
सीए फाइनल में रजिस्ट्रेशन की कुल संख्या भले ही कम हुई हो, लेकिन इसमें महिलाओं की हिस्सेदारी बढ़ी है. मई 2015 में कुल रजिस्ट्रेशन में महिलाओं की हिस्सेदारी करीब 35 प्रतिशत थी. वहीं मई 2025 में यह बढ़कर लगभग 41 प्रतिशत हो गई. वहीं सितंबर 2025 में भी महिलाओं की हिस्सेदारी करीब 41 प्रतिशत रही.
ये भी पढ़ें-CBSE 10वीं के छात्रों को राहत, नहीं बदलेगा पास होने का नियम
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