करोड़ों Gmail पासवर्ड लीक होने के दावे से मच गई थी सनसनी, अब गूगल ने बताई सच्चाई

इसी हफ्ते खबर आई थी कि जीमेल के करोड़ों पासवर्ड ऑनलाइन लीक हो गए हैं. एक सिक्योरिटी रिसर्चर ने यह दावा करते हुए इंटरनेट पर सनसनी फैला दी थी कि लगभग 3.5 टेराबाइट डेटा की चोरी हुई है और इसमें 18.3 करोड़ अकाउंट के पासवर्ड भी हैं, जिनमें से कुछ पासवर्ड जीमेल के हैं. अब गूगल ने इस खबर को फर्जी बताते हुए कहा कि यह दावा पुराने चोरी हुए डेटा पर आधारित था. आइए जानते हैं कि इस पूरे मामले को लेकर गूगल ने क्या सफाई दी है.  गूगल ने कही यह बात  गूगल ने अपने बयान में बताया कि डेटा चोरी होने की रिपोर्ट्स इंफोस्टीलर डेटाबेस की गलतफहमी पर आधारित है. सिक्योरिटी ब्रीच के कारण जीमेल के लाखों यूजर्स के प्रभावित होने की रिपोर्ट्स गलत हैं. जीमेल के डिफेंस मजबूत हैं और यूजर पूरी तरह सुरक्षित हैं. गूगल ने बताया कि हैकर्स अकसर पुराने या अनरिलेटिड ईमेल-पासवर्ड ऑनलाइन पोस्ट कर देते हैं, जिससे कंफ्यूजन होती है. कंपनी ने कहा कि वह नियमित तौर पर कार्रवाई करती रहती है और डेटा लीक होने की स्थिति में यूजर्स को पासवर्ड रिसेट कर अकाउंट को सिक्योर करने में मदद करती है. लीक हुए पासवर्ड का कैसे पता लगाएं? किसी भी डेटा लीक के बाद आप यह पता कर सकते हैं कि उस लीक में आपका अकाउंट शामिल है या नहीं. इसका तरीका बेहद आसान है. आपको HaveIBeenPwned डॉट कॉम वेबसाइट पर जाना है. यहां आपका ईमेल एड्रेस मांगा जाएगा. यहां आपको पासवर्ड लीक होने या न होने से संबंधित जानकारी मिल जाएगी.  पासवर्ड लीक होने से कैसे बचाएं? एक्सपर्ट्स के अनुसार, अपने अकाउंट को ऑनलाइन सुरक्षित रखने के लिए मजबूत और यूनिक पासवर्ड का इस्तेमाल करें. साथ ही पासवर्ड को समय-समय पर बदलते रहें. गूगल ने भी अपने यूजर्स को 2-स्टेप वेरिफिकेसन मोड ऑन करने की सलाह दी है. इसका फायदा यह होता है कि पासवर्ड लीक होने की स्थिति में भी हैकर्स आपके अकाउंट तक नहीं पहुंच सकते. ये भी पढ़ें- OpenAI ने कर दी भारतीय यूजर्स की मौज, फ्री में देगी ChatGPT Go का सब्सक्रिप्शन

Oct 28, 2025 - 19:30
 0
करोड़ों Gmail पासवर्ड लीक होने के दावे से मच गई थी सनसनी, अब गूगल ने बताई सच्चाई

इसी हफ्ते खबर आई थी कि जीमेल के करोड़ों पासवर्ड ऑनलाइन लीक हो गए हैं. एक सिक्योरिटी रिसर्चर ने यह दावा करते हुए इंटरनेट पर सनसनी फैला दी थी कि लगभग 3.5 टेराबाइट डेटा की चोरी हुई है और इसमें 18.3 करोड़ अकाउंट के पासवर्ड भी हैं, जिनमें से कुछ पासवर्ड जीमेल के हैं. अब गूगल ने इस खबर को फर्जी बताते हुए कहा कि यह दावा पुराने चोरी हुए डेटा पर आधारित था. आइए जानते हैं कि इस पूरे मामले को लेकर गूगल ने क्या सफाई दी है. 

गूगल ने कही यह बात 

गूगल ने अपने बयान में बताया कि डेटा चोरी होने की रिपोर्ट्स इंफोस्टीलर डेटाबेस की गलतफहमी पर आधारित है. सिक्योरिटी ब्रीच के कारण जीमेल के लाखों यूजर्स के प्रभावित होने की रिपोर्ट्स गलत हैं. जीमेल के डिफेंस मजबूत हैं और यूजर पूरी तरह सुरक्षित हैं. गूगल ने बताया कि हैकर्स अकसर पुराने या अनरिलेटिड ईमेल-पासवर्ड ऑनलाइन पोस्ट कर देते हैं, जिससे कंफ्यूजन होती है. कंपनी ने कहा कि वह नियमित तौर पर कार्रवाई करती रहती है और डेटा लीक होने की स्थिति में यूजर्स को पासवर्ड रिसेट कर अकाउंट को सिक्योर करने में मदद करती है.

लीक हुए पासवर्ड का कैसे पता लगाएं?

किसी भी डेटा लीक के बाद आप यह पता कर सकते हैं कि उस लीक में आपका अकाउंट शामिल है या नहीं. इसका तरीका बेहद आसान है. आपको HaveIBeenPwned डॉट कॉम वेबसाइट पर जाना है. यहां आपका ईमेल एड्रेस मांगा जाएगा. यहां आपको पासवर्ड लीक होने या न होने से संबंधित जानकारी मिल जाएगी. 

पासवर्ड लीक होने से कैसे बचाएं?

एक्सपर्ट्स के अनुसार, अपने अकाउंट को ऑनलाइन सुरक्षित रखने के लिए मजबूत और यूनिक पासवर्ड का इस्तेमाल करें. साथ ही पासवर्ड को समय-समय पर बदलते रहें. गूगल ने भी अपने यूजर्स को 2-स्टेप वेरिफिकेसन मोड ऑन करने की सलाह दी है. इसका फायदा यह होता है कि पासवर्ड लीक होने की स्थिति में भी हैकर्स आपके अकाउंट तक नहीं पहुंच सकते.

ये भी पढ़ें-

OpenAI ने कर दी भारतीय यूजर्स की मौज, फ्री में देगी ChatGPT Go का सब्सक्रिप्शन

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow