IndiGo Crisis: इंडिगो संकट की आगे चुकानी पड़ेगी बड़ी कीमत, रेटिंग एजेंसी मूडीज ने बतायी ये बड़ी वजह

IndiGo Crisis: देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो पर संकट की वजह से सरकार को एक्शन लेने पर मजबूर होना पड़ा. लगातार रद्द हो रहे विमान, किराए की बढ़ी कीमत और पैसेंजर्स की परेशानी के बीच सरकार की ओर से शो काउज नोटिस जारी कर फेयर कैप तक तय किए गए. इस बीच, रेटिंग एजेंसी मूडीज ने कहा कि आने वाले दिनों में इंडिगो क्राइसिस का कंपनी पर बड़ा निगेटिव असर देखने को मिल सकता है. इंडिगो पर निगेटिव असर उड़ानों में हाल ही में उत्पन्न व्यापक अव्यवस्था कंपनी के लिए राजस्व हानि, उड़ानों के रद्द होने से जुर्माने और अन्य क्षतिपूर्ति की वजह से बड़े वित्तीय नुकसान का कारण बन सकती है. मूडीज़ रेटिंग्स ने सोमवार को जारी रिपोर्ट में कहा कि एयरलाइन पिछले एक वर्ष से अधिक पहले लागू किए गए नए विमानन नियमों के लिए प्रभावी योजना नहीं बना पाई, जिसका खामियाज़ा उसे अब भुगतना पड़ रहा है. रेटिंग एजेंसी के मुताबिक ये स्थिति इंडिगो की साख के लिए भी नकारात्मक है. अत्यधिक व्यस्त शीतकालीन उड़ान सीज़न के बीच अव्यवस्था और बढ़ गई. दो दिसंबर से शुरू हुआ उड़ान रद्दीकरण का सिलसिला पांच दिसंबर को चरम पर पहुंचा, जब इंडिगो को 1,600 से अधिक उड़ानें रद्द करनी पड़ीं. एयरलाइन अब तक सामान्य संचालन पूरी तरह बहाल नहीं कर सकी है और सोमवार को भी 500 से अधिक उड़ानें रद्द हुईं. कंपनी की प्रतिष्ठा को नुकसान रेटिंग एजेंसी मूडीज़ ने आगे कहा कि ये अव्यवस्थाएं कंपनी की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा सकती हैं, क्योंकि इंडिगो को राजस्व हानि, रिफंड, प्रभावित यात्रियों को मुआवजा और डीजीसीए द्वारा संभावित जुर्मानों का सामना करना पड़ सकता है. एजेंसी ने योजना, निगरानी और संसाधन प्रबंधन में एयरलाइन की बड़ी चूक को इसका मुख्य कारण बताया, जबकि नए नियमों के बारे में उद्योग को काफी समय पहले सूचित कर दिया गया था. ये भी पढ़ें: पांच साल बाद अब चीन शुरू करने जा रहा भारत में ये सेवा, जानें क्या होगा इसका बड़ा फायदा

Dec 8, 2025 - 20:30
 0
IndiGo Crisis: इंडिगो संकट की आगे चुकानी पड़ेगी बड़ी कीमत, रेटिंग एजेंसी मूडीज ने बतायी ये बड़ी वजह

IndiGo Crisis: देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो पर संकट की वजह से सरकार को एक्शन लेने पर मजबूर होना पड़ा. लगातार रद्द हो रहे विमान, किराए की बढ़ी कीमत और पैसेंजर्स की परेशानी के बीच सरकार की ओर से शो काउज नोटिस जारी कर फेयर कैप तक तय किए गए. इस बीच, रेटिंग एजेंसी मूडीज ने कहा कि आने वाले दिनों में इंडिगो क्राइसिस का कंपनी पर बड़ा निगेटिव असर देखने को मिल सकता है.

इंडिगो पर निगेटिव असर

उड़ानों में हाल ही में उत्पन्न व्यापक अव्यवस्था कंपनी के लिए राजस्व हानि, उड़ानों के रद्द होने से जुर्माने और अन्य क्षतिपूर्ति की वजह से बड़े वित्तीय नुकसान का कारण बन सकती है. मूडीज़ रेटिंग्स ने सोमवार को जारी रिपोर्ट में कहा कि एयरलाइन पिछले एक वर्ष से अधिक पहले लागू किए गए नए विमानन नियमों के लिए प्रभावी योजना नहीं बना पाई, जिसका खामियाज़ा उसे अब भुगतना पड़ रहा है.

रेटिंग एजेंसी के मुताबिक ये स्थिति इंडिगो की साख के लिए भी नकारात्मक है. अत्यधिक व्यस्त शीतकालीन उड़ान सीज़न के बीच अव्यवस्था और बढ़ गई. दो दिसंबर से शुरू हुआ उड़ान रद्दीकरण का सिलसिला पांच दिसंबर को चरम पर पहुंचा, जब इंडिगो को 1,600 से अधिक उड़ानें रद्द करनी पड़ीं. एयरलाइन अब तक सामान्य संचालन पूरी तरह बहाल नहीं कर सकी है और सोमवार को भी 500 से अधिक उड़ानें रद्द हुईं.

कंपनी की प्रतिष्ठा को नुकसान

रेटिंग एजेंसी मूडीज़ ने आगे कहा कि ये अव्यवस्थाएं कंपनी की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा सकती हैं, क्योंकि इंडिगो को राजस्व हानि, रिफंड, प्रभावित यात्रियों को मुआवजा और डीजीसीए द्वारा संभावित जुर्मानों का सामना करना पड़ सकता है. एजेंसी ने योजना, निगरानी और संसाधन प्रबंधन में एयरलाइन की बड़ी चूक को इसका मुख्य कारण बताया, जबकि नए नियमों के बारे में उद्योग को काफी समय पहले सूचित कर दिया गया था.

ये भी पढ़ें: पांच साल बाद अब चीन शुरू करने जा रहा भारत में ये सेवा, जानें क्या होगा इसका बड़ा फायदा

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow