77th Republic Day: 10 हजार पुलिसकर्मी, 31 CCTV, कंट्रोल रूम और AI का इस्तेमाल... गणतंत्र दिवस पर सुरक्षा के लिए दिल्ली पुलिस ने क्या-क्या किया इंतजाम
देश के 77वें गणतंत्र दिवस समारोह को भव्य, सुरक्षित और सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए नई दिल्ली जिला पुलिस ने कर्तव्य पथ और उसके आसपास व्यापक तौर पर सुरक्षा और सुविधा संबंधी इंतजाम किए हैं. वहीं, इस बार गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान खलल डालने की कोशिश को लेकर दिल्ली पुलिस और केंद्रीय जांच एजेंसियों को कई इनपुट मिले हैं, जिसे लेकर जांच एजेंसियां पूरी तरह सुरक्षा में व्यापक तैयारियां की हैं. दिल्ली पुलिस के एडिशनल पुलिस कमिश्नर देवेश महला ने कहा, ‘गणतंत्र दिवस पर इस बार आतंकी हमले के कई इनपुट दिल्ली पुलिस और केंद्रीय जांच एजेंसियों के पास हैं. इस बार परेड में खलल की कोशिश के लिए न सिर्फ खालिस्तानी टेरर ग्रुप्स, बल्कि बांग्लादेशी आउटफिट भी फिराक में है.’ उन्होंने कहा, ‘इस बार सेंट्रल एजेंसियों, दिल्ली पुलिस, अर्धसैनिक बलों ने सुरक्षा में काफी बदलाव किए हैं. इस बार सुरक्षा में AI टैक्नोलॉजी, AI से लैस चश्मे पुलिसकर्मियों को मुहैया करवा जाएंगे, जिसमें संदिग्ध दिखते ही अलर्ट आएगा. इसके अलावा, ऐसे चेहरों को पहचानने वाले फेस रिकॉग्निशन कैमरे लगाए गए हैं. सिर्फ परेड रूट पर 6 सीसीटीवी कंट्रोल रूम बनाए गए हैं, जिनमें 1,000 हाई डेफिनेशन कैमरे लगाए गए हैं.’ पूरी नई दिल्ली में बनाए गए 31 सीसीटीवी कंट्रोल रूम- एडिशनल सीपी उन्होंने आगे कहा, ‘पूरी नई दिल्ली में 31 सीसीटीवी कंट्रोल रूम बनाए गए हैं, मतलब हर जगह कैमरों की जद में है. सिस्टम में अपलोड आतंकियों और संदिग्धों के हीं नहीं, जिनके नाम सिस्टम में नहीं है, अगर ऐसे भी लोग नजर आए, तो अलर्ट आ जाएगा. अलग-अलग इनपुट थ्रेट के हिसाब से फिजिकल और AI तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है.’ कई लेयर में की जाएगी फिजिकल और गाड़ियों की चेकिंग- देवेश महला एडिशनल पुलिस कमिश्नर ने कहा, ‘सुरक्षा के लिहाज से तीन लेयर की फिजिकल चेकिंग और तीन लेयर में गाड़ियों की भी चेकिंग होगी. नई दिल्ली डिस्ट्रिक्ट के 10,000 पुलिसकर्मी, इनके अलावा अर्धसैनिक बलों की तैनाती है.’ उन्होंने कहा, ‘परेड रूट को 26 जोन में बांटा गया है, जिसमें डिस्ट्रिक्ट, स्पेशल सेल, क्राइम ब्रांच के डीसीपी तैनात रहेंगे. नदियों के नाम पर सीटिंग एनेक्सचर को बांटा गया है, ताकि उसी हिसाब से पैदल या मेट्रो से लोग उसी गेट पर उतरें.’ कर्तव्य पथ क्षेत्र में की गई है मल्टी-लेयर्ड घेराबंदी- देवेश महला दिल्ली पुलिस के एडिशनल पुलिस कमिश्नर देवेश महला ने कहा, ‘कर्तव्य पथ क्षेत्र में दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों की मल्टी-लेयर्ड घेराबंदी की गई है. पूरे इलाके पर सीसीटीवी कैमरों के व्यापक नेटवर्क से निगरानी रखी जा रही है, जिन्हें अत्याधुनिक फेशियल रिकग्निशन सिस्टम से जोड़ा गया है. इसके अलावा, हवाई निगरानी के लिए एंटी-ड्रोन यूनिट्स और ऊंची इमारतों पर स्नाइपर टीमों की तैनाती की गई है. किसी भी संभावित खतरे को रोकने के लिए जिले भर में होटलों, गेस्ट हाउसों, किरायेदारों और घरेलू सहायकों का सघन सत्यापन अभियान भी चलाया जा रहा है.’ उन्होंने कहा, ‘पुलिस ने सभी आमंत्रित अतिथियों और टिकट धारकों से अपील की है कि वे अपने निमंत्रण पत्र में दिए गए विवरण को ध्यानपूर्वक पढ़ें और निर्धारित मार्गों का ही उपयोग करें. मार्ग, पार्किंग और एन्क्लोजर से जुड़ी पूरी जानकारी रक्षा मंत्रालय की वेबसाइट rashtraparv.mod.gov.in और दिल्ली पुलिस की वेबसाइट delhipolice.gov.in पर उपलब्ध हैं.’ भारतीय नदियों के नाम पर रखे गए एन्क्लोजर के नाम उन्होंने कहा, ‘इस वर्ष गणतंत्र दिवस समारोह के लिए एन्क्लोजर के नाम भारतीय नदियों के नाम पर रखे गए हैं. साथ ही, मेहमानों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा तैनाती के स्वरूप में भी कई अहम बदलाव किए गए हैं. दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के सहयोग से सभी मेट्रो स्टेशनों पर नियमित घोषणाएं की जा रही हैं, जिनमें प्रवेश-निकास द्वार, मार्ग, प्रतिबंधित वस्तुओं और अन्य जरूरी निर्देशों की जानकारी दी जा रही है.’ उन्होंने कहा, ‘व्यास, ब्रह्मपुत्र, चंबल, चिनाब, गंडक, गंगा, घाघरा, गोदावरी, सिंधु और झेलम एन्क्लोजर के लिए आने वाले अतिथि उद्योग भवन मेट्रो स्टेशन पर उतरें. वहीं, कावेरी, कोसी, कृष्णा, महानदी, नर्मदा, पेन्नार, पेरियार, रावी, सोन, सतलुज, तीस्ता, वैगई और यमुना एन्क्लोजर के लिए आने वाले अतिथि सेंट्रल सेक्रेटेरिएट मेट्रो स्टेशन का उपयोग करें. विशेष आमंत्रित अतिथियों को दिल्ली मेट्रो में निशुल्क यात्रा की सुविधा दी गई है, जिसके लिए डिजिटल पास पर दिए गए निर्देशों का पालन करना होगा.’ उन्होंने कहा, ‘मेहमानों से निर्धारित चैनलाइजर में ही चलने, दिशा-सूचक बोर्डों का पालन करने और फ्रिस्किंग प्वाइंट्स पर सुरक्षा कर्मियों का सहयोग करने की अपील की गई है. सहायता के लिए कर्तव्य पथ के आसपास प्रमुख स्थानों पर दिल्ली पुलिस हेल्प डेस्क भी स्थापित किए गए हैं.’ एन्क्लोजर के भीतर इन चीजों को लेकर जाना प्रतिबंधित एडिशनल पुलिस कमिश्नर देवेश महला ने कहा, ‘सुरक्षा कारणों से एन्क्लोजर के भीतर बैग, ब्रीफकेस, खाने-पीने का सामान, मोबाइल के अलावा अन्य इलेक्ट्रॉनिक वस्तुएं, पावर बैंक, पानी की बोतल, हथियार, धारदार वस्तुएं, ज्वलनशील पदार्थ, छाते, परफ्यूम, खिलौना हथियार और किसी भी प्रकार के विस्फोटक ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित है.’ उन्होंने कहा, ‘नई दिल्ली जिला पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिसकर्मी को दें या 112 पर कॉल करें.’ यह भी पढ़ेंः दावोस में नजर आएगा भारत का डिप्लोमैटिक पावर शो! पॉलिटिक्स, इकोनॉमी और डिप्लोमेसी की तय होगी नई दिशा
देश के 77वें गणतंत्र दिवस समारोह को भव्य, सुरक्षित और सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए नई दिल्ली जिला पुलिस ने कर्तव्य पथ और उसके आसपास व्यापक तौर पर सुरक्षा और सुविधा संबंधी इंतजाम किए हैं. वहीं, इस बार गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान खलल डालने की कोशिश को लेकर दिल्ली पुलिस और केंद्रीय जांच एजेंसियों को कई इनपुट मिले हैं, जिसे लेकर जांच एजेंसियां पूरी तरह सुरक्षा में व्यापक तैयारियां की हैं.
दिल्ली पुलिस के एडिशनल पुलिस कमिश्नर देवेश महला ने कहा, ‘गणतंत्र दिवस पर इस बार आतंकी हमले के कई इनपुट दिल्ली पुलिस और केंद्रीय जांच एजेंसियों के पास हैं. इस बार परेड में खलल की कोशिश के लिए न सिर्फ खालिस्तानी टेरर ग्रुप्स, बल्कि बांग्लादेशी आउटफिट भी फिराक में है.’
उन्होंने कहा, ‘इस बार सेंट्रल एजेंसियों, दिल्ली पुलिस, अर्धसैनिक बलों ने सुरक्षा में काफी बदलाव किए हैं. इस बार सुरक्षा में AI टैक्नोलॉजी, AI से लैस चश्मे पुलिसकर्मियों को मुहैया करवा जाएंगे, जिसमें संदिग्ध दिखते ही अलर्ट आएगा. इसके अलावा, ऐसे चेहरों को पहचानने वाले फेस रिकॉग्निशन कैमरे लगाए गए हैं. सिर्फ परेड रूट पर 6 सीसीटीवी कंट्रोल रूम बनाए गए हैं, जिनमें 1,000 हाई डेफिनेशन कैमरे लगाए गए हैं.’
पूरी नई दिल्ली में बनाए गए 31 सीसीटीवी कंट्रोल रूम- एडिशनल सीपी
उन्होंने आगे कहा, ‘पूरी नई दिल्ली में 31 सीसीटीवी कंट्रोल रूम बनाए गए हैं, मतलब हर जगह कैमरों की जद में है. सिस्टम में अपलोड आतंकियों और संदिग्धों के हीं नहीं, जिनके नाम सिस्टम में नहीं है, अगर ऐसे भी लोग नजर आए, तो अलर्ट आ जाएगा. अलग-अलग इनपुट थ्रेट के हिसाब से फिजिकल और AI तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है.’
कई लेयर में की जाएगी फिजिकल और गाड़ियों की चेकिंग- देवेश महला
एडिशनल पुलिस कमिश्नर ने कहा, ‘सुरक्षा के लिहाज से तीन लेयर की फिजिकल चेकिंग और तीन लेयर में गाड़ियों की भी चेकिंग होगी. नई दिल्ली डिस्ट्रिक्ट के 10,000 पुलिसकर्मी, इनके अलावा अर्धसैनिक बलों की तैनाती है.’ उन्होंने कहा, ‘परेड रूट को 26 जोन में बांटा गया है, जिसमें डिस्ट्रिक्ट, स्पेशल सेल, क्राइम ब्रांच के डीसीपी तैनात रहेंगे. नदियों के नाम पर सीटिंग एनेक्सचर को बांटा गया है, ताकि उसी हिसाब से पैदल या मेट्रो से लोग उसी गेट पर उतरें.’
कर्तव्य पथ क्षेत्र में की गई है मल्टी-लेयर्ड घेराबंदी- देवेश महला
दिल्ली पुलिस के एडिशनल पुलिस कमिश्नर देवेश महला ने कहा, ‘कर्तव्य पथ क्षेत्र में दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों की मल्टी-लेयर्ड घेराबंदी की गई है. पूरे इलाके पर सीसीटीवी कैमरों के व्यापक नेटवर्क से निगरानी रखी जा रही है, जिन्हें अत्याधुनिक फेशियल रिकग्निशन सिस्टम से जोड़ा गया है. इसके अलावा, हवाई निगरानी के लिए एंटी-ड्रोन यूनिट्स और ऊंची इमारतों पर स्नाइपर टीमों की तैनाती की गई है. किसी भी संभावित खतरे को रोकने के लिए जिले भर में होटलों, गेस्ट हाउसों, किरायेदारों और घरेलू सहायकों का सघन सत्यापन अभियान भी चलाया जा रहा है.’
उन्होंने कहा, ‘पुलिस ने सभी आमंत्रित अतिथियों और टिकट धारकों से अपील की है कि वे अपने निमंत्रण पत्र में दिए गए विवरण को ध्यानपूर्वक पढ़ें और निर्धारित मार्गों का ही उपयोग करें. मार्ग, पार्किंग और एन्क्लोजर से जुड़ी पूरी जानकारी रक्षा मंत्रालय की वेबसाइट rashtraparv.mod.gov.in और दिल्ली पुलिस की वेबसाइट delhipolice.gov.in पर उपलब्ध हैं.’
भारतीय नदियों के नाम पर रखे गए एन्क्लोजर के नाम
उन्होंने कहा, ‘इस वर्ष गणतंत्र दिवस समारोह के लिए एन्क्लोजर के नाम भारतीय नदियों के नाम पर रखे गए हैं. साथ ही, मेहमानों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा तैनाती के स्वरूप में भी कई अहम बदलाव किए गए हैं. दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के सहयोग से सभी मेट्रो स्टेशनों पर नियमित घोषणाएं की जा रही हैं, जिनमें प्रवेश-निकास द्वार, मार्ग, प्रतिबंधित वस्तुओं और अन्य जरूरी निर्देशों की जानकारी दी जा रही है.’
उन्होंने कहा, ‘व्यास, ब्रह्मपुत्र, चंबल, चिनाब, गंडक, गंगा, घाघरा, गोदावरी, सिंधु और झेलम एन्क्लोजर के लिए आने वाले अतिथि उद्योग भवन मेट्रो स्टेशन पर उतरें. वहीं, कावेरी, कोसी, कृष्णा, महानदी, नर्मदा, पेन्नार, पेरियार, रावी, सोन, सतलुज, तीस्ता, वैगई और यमुना एन्क्लोजर के लिए आने वाले अतिथि सेंट्रल सेक्रेटेरिएट मेट्रो स्टेशन का उपयोग करें. विशेष आमंत्रित अतिथियों को दिल्ली मेट्रो में निशुल्क यात्रा की सुविधा दी गई है, जिसके लिए डिजिटल पास पर दिए गए निर्देशों का पालन करना होगा.’
उन्होंने कहा, ‘मेहमानों से निर्धारित चैनलाइजर में ही चलने, दिशा-सूचक बोर्डों का पालन करने और फ्रिस्किंग प्वाइंट्स पर सुरक्षा कर्मियों का सहयोग करने की अपील की गई है. सहायता के लिए कर्तव्य पथ के आसपास प्रमुख स्थानों पर दिल्ली पुलिस हेल्प डेस्क भी स्थापित किए गए हैं.’
एन्क्लोजर के भीतर इन चीजों को लेकर जाना प्रतिबंधित
एडिशनल पुलिस कमिश्नर देवेश महला ने कहा, ‘सुरक्षा कारणों से एन्क्लोजर के भीतर बैग, ब्रीफकेस, खाने-पीने का सामान, मोबाइल के अलावा अन्य इलेक्ट्रॉनिक वस्तुएं, पावर बैंक, पानी की बोतल, हथियार, धारदार वस्तुएं, ज्वलनशील पदार्थ, छाते, परफ्यूम, खिलौना हथियार और किसी भी प्रकार के विस्फोटक ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित है.’
उन्होंने कहा, ‘नई दिल्ली जिला पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिसकर्मी को दें या 112 पर कॉल करें.’
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